टेबल टेनिस: फरवरी में सीनियर नेशनल्स तो मार्च में आयोजित होगा ओलंपिक क्वालीफायर

भारतीय शीर्ष टेबल टेनिस खिलाड़ियों की होगी टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने पर नजर

लेखक भारत शर्मा ·

भारत के टेबल टेनिस खिलाड़ियों ने टोक्यो ओलंपिक के लिए अपनी तैयारी शुरू कर दी है। यही कारण है कि जब मार्च में दोहा में ओलंपिक क्वालीफाइंग स्पर्धाएं होंगी तो भारतीय पैडलर्स साथियान गनासेकरन, मणिका बत्रा और अचंता शरथ कमल की निगाहे टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने पर होंगी।

टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया (TTFI) फरवरी में ही सीनियर नेशनल्स की मेजबानी भी करने को तैयार है ताकि खिलाड़ियों को तैयारी और दोहा में होने वाले क्वालीफाइंग मुकाबलों के लिए बनाए जाने वाले बायो बबल में प्रवेश करने के लिए पर्याप्त समय मिल सके।

TTFI के सचिव एमपी सिंह ने द न्यू इंडियन एक्सप्रेस को बताया, "तिथियों की पुष्टि जल्द ही की जाएगी, लेकिन फिलहाल फरवरी के अंत से पहले सीनियर नेशनल्स आयोजित करने की योजना है। इससे खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों में हिस्सा लेने से पहले कुछ समय मिल जाएगा। सीनियर नेशनल्स हरियाणा के सोनीपत में आयोजित किए जाएंगे।"

सचिव ने कहा, "सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है और इसलिए, आयु समूह टूर्नामेंट का आयोजन अंतिम बार किया जाएगा। सीनियर नेशनल्स के लिए तारीख तय करने के लिए अगले सप्ताह हमारी एक और बैठक होगी और प्रविष्टियों के संबंध में विभिन्न राज्यों के साथ चर्चा की जाएगी।"

एक मैच के दौरान भारतीय टेबल टेनिस खिलाड़ी साथियान गनासेकरन

सीनियर नेशनल्स साल 2021 में TTFI कैलेंडर की शुरुआत को भी चिह्नित करेगा।

अंतर्राष्ट्रीय टेबल टेनिस महासंघ (ITTF) ने अपने संशोधित कैलेंडर की घोषणा की है, जिसमें दो ओलंपिक क्वालीफायर मार्च में होंगे। दोहा में एशियाई ओलंपिक क्वालीफायर 13-15 मार्च से होगा और इसके बाद 16-19 मार्च तक विश्व ओलंपिक क्वालीफायर का आयोजन किया जाएगा।

भारत के पुरुष और महिला टेबल टेनिस खिलाड़ी पुर्तगाल के गोंडोमर में 2020 ITTF वर्ल्ड टीम क्वालिफिकेशन टूर्नामेंट के दौरान टोक्यो ओलंपिक के लिए अपना स्थान करने में विफल रहे थे, लेकिन नए साल में अपने प्रदर्शन के साथ मजबूत वापसी करेंगे।

साथियान ने अपनी प्रमुख एकल प्रतियोगिता गवा दी, जबकि बत्रा फ्रांस को हराने में सहयोग करने में विफल रहे।

सीनियर नेशनल्स बाद, साथियान और कमल की पहली पसंद एशियाई ओलंपिक क्वालीफायर में प्रतिस्पर्धा करना है जो भारतीय पैडलर्स के लिए एक उच्च प्राथमिकता वाला टूर्नामेंट होगा।