अभिषेक वर्मा: ओलंपिक खेलने की खुशी के सामने वैक्सीन का जोखिम कुछ नहीं

2018 एशियन गेम्स के कांस्य पदक विजेता इस साल टोक्यो ओलंपिक में भाग लेने के लिए COVID-19 वैक्सीन जैसी किसी भी तरह के साइड-इफ़ेक्ट को झेलने के लिए लिए तैयार हैं।

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

कोरोना वायरस (COVID-19) वैक्सीन (COVID-19 vaccine) को कुछ देशों ने बना लिया है और कुछ ने तो वैक्सीनेशन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। लेकिन वैक्सीन को लेकर देशभर में इसके साइड-इफेक्ट पर भी चर्चा होने लगी है, जिससे मीडिया भी इस मामले में शामिल हो गई है। लेकिन भारतीय शूटर अभिषेक वर्मा (Abhishek Verma) इससे ज्यादा चिंतित नहीं हैं।

10 मीटर एयर पिस्टल स्पेशलिस्ट इस साल टोक्यो में अपने पहले ओलंपिक खेलों में प्रतिस्पर्धा का इंतजार कर रहे हैं। भारतीय निशानेबाज़ ओलंपिक में भारत को गौरवान्वित करने के लिए तैयार है।

अभिषेक वर्मा ने टाइम्स ऑफ इंडिया से कहा, 'जब ओलंपिक में खेलने की बात आती है तो इसके सामने सभी बाधाएं छोटी लगने लगती हैं। COVID-19 वैक्सीन से जो भी साइड-इफ्केट होते हैं, हमें उसे स्वीकार करना होगा।”

“हमने अपने अंतरआत्मा से किसी भी मुद्दे के संभावित साइड-इफ्केट की कोई बात नहीं की है। हमें सभी सुरक्षा उपाय करने चाहिए।”

हालांकि अभी भी टीके के संभावित साइड-इफ्केट पर किसी भी प्रकार की कोई टिप्पणी करना जल्दबाजी हो सकती है।

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (IOC) के साथ-साथ वर्ल्ड एंटी-डोपिंग एजेंसी (WADA) भी एथलीटों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और डोपिंग नियमों पर वैक्सीन के किसी भी संभावित प्रभाव को निर्धारित करने के लिए वैक्सीन की स्थिति की बारीकी से जांच कर रही है।

हालांकि, वैक्सीनेशन को टोक्यो ओलंपिक में भाग लेने के लिए अनिवार्य नहीं बनाया गया है।

आईओसी के अध्यक्ष थॉमस बाक ने नवंबर में अपनी टोक्यो दौरे के दौरान ये बताया कि ये सबका खुद का फैसला होगा लेकिन उन्होंने एथलीटों से अपील की है कि वे साथी एथलीटों और मेजबान देश जापान के प्रति 'सम्मान' दिखाए।

बीजिंग में आयोजित हुए 2019 ISSF विश्व कप में स्वर्ण पदक जीतकर टोक्यो के लिए एक कोटा स्थान हासिल करने वाले वर्मा पूरे दिल से सहमत हैं।

वर्मा ने कहा, “पहली बात ये है कि मुझे ओलंपिक खेलना है और इसके लिए मुझे टीका लगवाना होगा। वरना हमारे साथी एथलीटों के लिए सुरक्षित नहीं होगा।”

एक सरकारी संसदीय पैनल ने हाल ही में सिफारिश की थी कि टोक्यो के लिए भारत की टीम में एथलीट, कोच और सहयोगी स्टाफ को देश में COVID-19 वैक्सीनेशन की प्राथमिक सूची में रखा जाए।

वर्मा ने सुझाव का स्वागत करते हुए कहा, “ये अच्छा है कि संसदीय समिति ने ये सुझाव दिया है। अगर हमें टीका लगाया जाता है, तो हम सुरक्षित रूप से यात्रा कर सकते हैं।”

चंडीगढ़ के निशानेबाज़ भोपाल में भारत के जूनियर पिस्टल कोच जसपाल राणा की देख-रेख में ट्रेनिंग कर रहे हैं ताकि वो खुद को टोक्यो के लिए तैयार रख सकें। भारत की ओलंपिक में पदक की दावेदार मनु भाकर (Manu Bhaker) के साथ चिंकी सिन्हा (Chinki Sinha), सुनिधि चौहान ( Sunidhi Chauhan) और ऐश्वर्या प्रताप सिंह (Aishwarya Pratap Singh) भी भोपाल में हैं।