टोक्यो का टिकट हासिल कर चुके अविनाश साबले एयरटेल दिल्ली हाफ़ मैराथन के लिए हैं तैयार

स्टीपलचेज़र साब्ले जो अगले साल होने वाले टोक्यो ओलंपिक में अपना स्थान पक्का कर चुके हैं, अब एक बार फिर दिल्ली में होने वाले हाफ़ मैराथन में दौड़ते नज़र आएंगें।

लेखक सैयद हुसैन ·

भारतीय स्टीपलचेज़र अविनाश साबले (Avinash Sable) के लिए इस साल मैराथन में शामिल होने का कोई प्लान नहीं था। लेकिन कोरोना वायरस (COVID-19) महामारी की वजह से मचे उथल-पथल के बाद अब उन्होंने इरादा बदल लिया है।

साबले ने 3000 मीटर स्टीपलचेज़ में टोक्यो ओलंपिक के लिए अपना स्थान पक्का कर लिया है। उन्होंने ये कारनामा पिछले साल दोहा में हुए वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाते हुए किया था।

26 वर्षीय साबले ने इससे पहले 2017 में किसी मैराथन में हिस्सा लिया था। अब दिल्ली में होने वाले इस एयरटेल दिल्ली हाफ़ मैराथन (ADHM) में उन्हें कई दिग्गजों से चुनौती मिलने वाली है। जिसमें गत-विजेता श्रीणु बुगाथा (Srinu Bugatha) के साथ-साथ एंडामलक बेलिहू (Andamlak Belihu), अब्राहम शेरोबेन (Abraham Cheroben) और गुए अदोला (Guye Adola) शामिल हैं।

साबले ने हिन्दुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत में कहा, “ये सीज़न काफ़ी परेशान करने वाला है, जहां कोई प्रतियोगिता नहीं हो रही। हालांकि मैंने अच्छी ट्रेनिंग की है, इसलिए मुझे लगता है ख़ुद को परखने के लिए ये एक अच्छा मंच साबित होगा।“

“स्टीपलचेज़ और हाफ़ मैराथन दोनों में ही आपकी हिम्मत और ताक़त का टेस्ट होता है और मैंने अपनी स्पीड, ताक़त और हर्डल तकनीक पर कड़ी मेहनत की है। मुझे पता है हमें ओलंपिक से पहले बहुत ज़्यादा प्रतिस्पर्धाओं का सामना नहीं करने को मिलेगा। इसलिए मुझे और बेहतर होने के लिए कड़ी मेहनत करनी होगी।“

अविनाश साबले इस समय बेंगलुरु में अपने कोच अमरीश कुमार (Amrish Kumar) के साथ ट्रेनिंग कर रहे हैं और साथ ही साथ उन्होंने जुलाई में ऊटी में भी हाई-एटिट्यूड ट्रेनिंग की थी।

जब भारत में लॉकडाउन चल रहा था तो उस समय भी अविनाश ने जमकर अभ्यास किए थे। अविनाश और उनके कोच अमरीश ने ADHM के दौरान 60 मिनट में 21.0975 किमी रेस का लक्ष्य रखा है। जो अविनाश साबले के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ (64 मिनट में 21.0975 किमी) से बेहतर होगा।

अगर ADHM 2020 में अविनाश साबले इस लक्ष्य को पूरा कर लेते हैं तो ये एक नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड होगा। फ़िलहाल ये रिकॉर्ड कालिदास निरावे (Kalidas Nirave) के नाम है जो उन्होंने 1:03.46 की टाइमिंग के साथ किया था।

साबले ने कहा, “मैं तेज़ दौड़ने के लिए पूरी तरह तैयार हूं और मेरा लक्ष्य है कि मैं दिग्गजों के साथ ख़ुद को शामिल करूं।“