BWF ने अप्रैल के अंत तक सभी ओलंपिक क्वालिफिकेशन इवेंट्स को किया रद्द

पहले से निर्धारित ओलंपिक क्वालिफिकेशन की कट-ऑफ की तारीख 30 अप्रैल तक निलंबित कर दी गई है, बैडमिंटन खिलाड़ियों को नई तारीख तक इंतजार करना होगा।

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (Badminton World Federation) ने 16 मार्च से 12 अप्रैल तक सभी HSBC BWF वर्ल्ड टूर और अन्य BWF-Sanctioned टूर्नामेंट को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की घोषणा की थी, जिसके बाद विश्व निकाय ने अप्रैल के अंत तक इस अवधि को और बढ़ाने का फैसला लिया है।

इस अवधि में पाँच टूर्नामेंट रद्द हो रहे हैं, जिसमें तीन कॉन्टिनेंटल कॉन्फेडरेशन चैंपियनशिप भी शामिल हैं। इस आयोजन में क्रोएशियाई इंटरनेशनल, पेरू इंटरनेशनल, यूरोपीय चैंपियनशिप, बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप और XXIV पैन एम व्यक्तिगत चैंपियनशिप शामिल हैं।

BWF के बयान में कहा गया है कि सभी पांच टूर्नामेंट टोक्यो 2020 ओलंपिक खेलों के क्वालिफाइंग पीरियड के भीतर खेले जाने थे, लेकिन अब ओलंपिक क्वालिफाइंग में इनका योगदान नहीं रहेगा, क्योंकि वे अब क्वालिफिकेशन विंडो से बाहर हो जाएंगे।

बयान में आगे कहा गया कि "BWF किसी प्रकार के बदलवा या ओलंपिक क्वालिफिकेशन अवधि से संबंधित बाद की तारीख की घोषणा करेगा।

पहले से निर्धारित ओलंपिक क्वालिफिकेशन की कट-ऑफ की तारीख 30 अप्रैल थी, जो अब नहीं होगी। बैडमिंटन खिलाड़ियों को नई तारीख की घोषणा होने तक इंतजार करना होगा।

इसके अलावा 16-24 मई तक होने वाले BWF थॉमस और उबेर कप फाइनल 2020 को आगे 15-23 अगस्त तक बढ़ा दिया गया है।

किदांबी श्रीकांत के लिए इस साल बड़ी चुनौतियां

भारतीय शटलर्स इन प्रतियोगिताओं में खेलने वाले थे

हालांकि पिछली निलंबन अवधि में 12 अप्रैल तक भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी बीडब्ल्यूएफ इंडिया ओपन (सुपर 500), मलेशिया ओपन (सुपर 750) और सिंगापुर ओपन (सुपर 500) जैसे बड़े-टिकट टूर्नामेंट में भाग नहीं ले पाते, अब वो बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप में भी प्रतिस्पर्धा करने में असमर्थ होंगे।

जबकि पिछली तीन इवेंट्स में खिलाडियों को 29, 400 अंक मिल सकते थे, फिलीपींस में होने वाली बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप में 9, 200 अंक प्रस्तावित थे।

पिछले साल, पीवी सिंधु (PV Sindhu), साइना नेहवाल (Saina Nehwal) और समीर वर्मा (Sameer Verma) चीन में आयोजित कॉन्टिनेन्टल टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में पहुँचे थे, जिसके परिणामस्वरूप 6, 420 अंक मिले।

ओलंपिक क्वालिफिकेशन के पैमाने पर भारतीय शटलर्स

भारत की बैडमिंटन टीम में अब सीधे क्वालिफिकेशन स्पॉट में दो शटलर हैं - बी साई प्रणीत (B Sai Praneeth) और पीवी सिंधु।

17 मार्च को जारी रैंकिंग के अनुसार पुरुषों के एकल वर्ग में BWF ओलंपिक क्वालिफिकेशन रैंकिंग 51, 527 अंकों के साथ बी साई प्रणीत टोक्यो की रेस में 13वें स्थान पर हैं - साई प्रणीत के सबसे करीबी पूर्व विश्व नंबर 1 किदांबी श्रीकांत (Kidambi Srikanth) 40, 469 अंकों के साथ सीधे क्वालिपिकेशन रैंकिंग स्थान से बाहर।

पीवी सिंधु ऑल इंग्लैंड ओपन के अंतिम आठ में स्थान हासिल करने के बाद महिला एकल तालिका में 70, 754 अंकों के साथ सातवें स्थान पर हैं। दूसरी ओर साइना नेहवाल की इंग्लैंड ओपन से शुरूआत में हार ने उनकी राह मुश्किल कर दी है और वो 41, 847 के साथ और सीधी क्वालिफिकेशन स्थान से बाहर हो गई हैं।

सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी (Satwiksairaj Rankireddy) और चिराग शेट्टी ( Chirag Shetty) की पुरुष युगल जोड़ी ऑल इंग्लैंड ओपन में प्रतिस्पर्धा नहीं करने का फैसला करने के बाद सीधे क्वालिफिकेशन स्पॉट से बाहर हो गई है। वे 57, 500 अंकों के साथ नौवें स्थान पर हैं।