दीपिका कुमारी और अंकिता भकत ने तीरंदाज़ी में भारत के लिए जीता ओलंपिक कोटा

भारत की इन दो दिग्गज तीरंदाज़ों ने मेडल जीतकर भारत के लिए ओलंपिक कोटा हासिल कर लिया है।

लेखक सैयद हुसैन ·

बैंकॉक में चल रहे एशियन कॉन्टिनेन्टल क्वालिफ़ाइंग टूर्नामेंट के महिला रिकर्व इवेंट में भारत की दिग्गज तीरंदाज़ दीपिका कुमारी ने स्वर्ण पदक जीता, जबकि अंकिता भकत को रजत पदक हासिल हुआ। इसके साथ ही इन दोनों तीरंदाज़ों ने 2020 में होने वाले टोक्यो ओलंपिक के लिए भारत की तरफ़ से ओलंपिक कोटा हासिल कर लिया।

दमदार प्रदर्शन

दोनों ही तीरंदाज़ों को एशियन तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में क्वालिफाई करने के लिए पिछले शनिवार को क्वालिफ़िकेशन मुक़ाबलों में उतरना पड़ा था, जहां उनके दमदार प्रदर्शन की बदौलत दोनों को पहले राउंड में बाई मिला था।

दूसरे राउंड में दीपिका ने बेहद आसानी के साथ मलेशियाई तीरंदाज़ नूर आफ़िसा अब्दुल हलील को 7-3 से मात दी थी, जबकि अंकिता ने हांग कांग की शुक चिंग अदा लंब को हराते हुए तीसरे दौर में प्रवेश किया था। हालांकि भारत की बोम्बायला देवी लैशराम दूसरे दौर के मुक़ाबले में किरगिस्तान की असेल शर्बेकोवा से 4-6 से हारते हुए प्रतियोगिता से बाहर हो गईं।

तीसरे दौर में भी भकत का शानदार फ़ॉर्म जारी रहा और उन्होंने वियतनाम की थाई फ़ुंग एनगुएन को 6-0 से करारी शिकस्त दी। जबकि दीपिका को अगले मुक़ाबले में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी, उन्होंने ईरान की ज़हरा नेमाती को 6-4 के अंतर से मात देते हुए अंतिम-8 में जगह बनाई।

क्वार्टर फ़ाइनल में इसके उलट भकत को बेहद कड़े मुक़ाबले में जीत हासिल हुई, सेमीफ़ाइनल में पहुंचने के लिए भकत ने किरगिस्तान की अनसतासिया बनोवा को 6-4 से हराया। वहीं दीपिका ने थाईलैंड की नारिसारा खुनीरानचायो को 6-2 से रौंदते हुए आख़िरी-4 में प्रवेश किया।

सेमीफ़ाइनल में दीपिका और भकत दोनों ने ही अपने अपने मुक़ाबले 6-2 से जीतते हुए फ़ाइनल में जगह बनाई, दीपिका ने जहां वियतनाम की एनगुएट दो थाई आन को मात दी तो भकत ने भुटान की तीरंदाज़ कर्मा को शिकस्त दी। इसके बाद फ़ाइनल में दीपिका और भकत का आमना-सामना होना था। लेकिन ख़ास बात यह रही कि इस मुक़ाबले से पहले ही  भारत को एक ओलंपिक कोटा हासिल हो गयाख़िताबी मुक़ाबले में दिग्गज तीरंदाज़ दीपिका कुमारी पूरी तरह से अंकिता भकत पर हावी नज़र आईं, और 6-0 के स्कोर के साथ उन्होंने गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। इस तरह से एशियन तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में भारत के लिए यह दिन बेहतरीन रहा। कांस्य पदक के मुक़ाबले में वियतनाम की एनगुएट आन ने भुटान की कर्मा को हराते हुए दीपिका और भकत के साथ पोडियम साझा किया।

दीपिका का शानदार सप्ताह

दीपिका कुमारी की इस जीत से किसी को हैरानी नहीं हुई क्योंकि इससे पहले भी पिछले हफ़्ते से ही उनका दमदार प्रदर्शन और फ़ॉर्म दिख रहा था। 25 वर्षीय इस भारतीय तीरंदाज़ ने क्वालिफ़ाइंग राउंड में कुल 655 अंक बटोरे थे, और वह रिकर्व टीम इवेंट में अतानु दास के साथ दूसरी वरीयता खिलाड़ी थीं।

इस जोड़ी ने श्रीलंका और उत्तर कोरिया को क्रमश: दूसरे दौर और क्वार्टर फ़ाइनल में मात दी थी। लेकिन इसके बाद सेमीफ़ाइनल में उन्हें चीनी ताइपे की जोड़ी से 3-5 से हार नसीब हुई। हालांकि इस हार को पीछे छोड़ते हुए दीपिका और अतानु की जोड़ी ने तीसरे और चौथे स्थान के मुक़ाबले में चीन को 6-2 से हराते हुए मिश्रित रिकर्व टीम इवेंट में कांस्य पदक पर कब्ज़ा जमाया था। ।

सिर्फ़ मिश्रित रिकर्व टीम इवेंट में ही इस जोड़ी ने पदक नहीं जीता बल्कि इसके बाद लैशराम और भकत के साथ मिलकर दीपिका ने महिला रिकर्व टीम इवेंट में भी भारत को कांस्य पदक दिलाया। भारतीय तिकड़ी ने पहले दो राउंड में तो थाईलैंड और कजाकिस्तान को 6-0 से रौंद डाला था, लेकिन इसके बाद सेमीफ़ाइनल में उन्हें दक्षिण कोरिया के हाथों 2-6 से हार मिली थी और फिर दक्षिण कोरिया ने ही इस इवेंट में स्वर्ण पदक भी जीता। इस तिकड़ी ने कांस्य पदक के मुक़ाबले में जापान को 5-1 से हराते हुए भारत की झोली में एक और पदक डाला था।

इस एशियन तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में दीपिका कुमारी का यह पांचवां और छठा मेडल था। झारखंड की इस दिग्गज तीरंदाज़ की झोली में इससे पहले दो कॉमनवेल्थ गोल्ड मेडल और पांच तीरंदाज़ी वर्ल्ड कप गोल्ड मेडल भी शामिल हैं। हालांकि इतना बेहतरीन करियर होने के बावजूद इस दिग्गज तीरंदाज़ को अभी भी अपने पहले ओलंपिक पदक का इंतज़ार है, जिसे वह इस बार यानी 2020 टोक्यो ओलंपिक में हासिल करने के लिए पूरा ज़ोर लगा देंगी।

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भारत के लिए एशियन कॉन्टिनेन्टल क्वालिफ़िकेशन टूर्नामेंट में जीत के साथ ओलंपिक का कोटा हासिल करने के बाद अब दीपिका की नज़र 2020 टोक्यो ओलंपिक में पदक जीत पर है, जिसके लिए अब वह अपना सारा ध्यान ट्रेनिंग पर लगाएंगी।