हॉकीः कोरोना के कारण AHF ने स्थगित की एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी  

इस टूर्नामेंट का आयोजन मार्च, 2021 में होना था...

लेखक दिनेश चंद शर्मा ·

कोरोना महामारी के कारण एशियाई हॉकी महासंघ (AHF) ने पुरूष और महिलाओं की एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी (ACT) को साल के आखिर तक स्थगित कर दिया है।

एक बार पहले भी स्थगित हो चुका पुरुषों का संस्करण इस साल 11 से 19 मार्च तक ढाका में, जबकि महिलाओं का टूर्नामेंट 31 मार्च से 6 अप्रैल के बीच दक्षिण कोरिया के डोंघे में आयोजित होना था।

पहली बार पुरूषों का टूर्नामेंट 17 से 27 नवंबर, 2020 तक तथा महिलाओं का टर्नामेंट 14 से 21 जून, 2020 तक निर्धारित किया गया था, लेकिन अब पुरुषों और महिलाओं के टूर्नामेंट को क्रमशः सितंबर और अक्टूबर में आयोजित करने को लेकर बातचीत चल रही है।

एएचएफ के मुख्य कार्यकारी तैयब इकराम ने पीटीआई को बताया, “हमें कई मसलों को ध्यान में रखकर यह फैसला लेना पड़ा, जिनमें सबसे महत्वपूर्ण खिलाड़ियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण था। AHF इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में एथलीटो को किसी भी खतरे में नहीं डालना चाहता था।”

एक मैच के दौरान भारतीय हॉकी टीम के खिलाड़ी

“हम पिछले कुछ महीनों में टूर्नामेंट में भाग लेने वाले देशों, मेजबानों के साथ-साथ एफआईएच के साथ संपर्क में थे। सरकारी गाइडलाइन और यात्रा प्रतिबंध हैं। AHF के सबसे प्रतीक्षित आयोजन को स्थगित करने के पीछे एक और प्रमुख कारण नेशनल्स में देशों के सामने आई चुनौतियां भी थी।”

उन्होंने यह भी कहा कि, “इस महत्वपूर्ण प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए टीमें पर्याप्त रूप से तैयार नहीं हैं। अलग-अलग देशों से अलग-अलग परिदृश्य सामने आए। कुछ देशों ने प्रशिक्षण फिर से शुरू कर दिया है, जबकि कुछ जगह अभी भी पूर्ण लॉकडाउन है। वहां इस बात को लेकर अनिश्चितता है कि कब अनलॉक होगा और प्रशिक्षण शुरू होगा। इस आयोजन में भाग लेने से पहले टीमों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाया है। यह AHF के समान अवसर के मूल सिद्धांत के खिलाफ है।”

यह निर्णय लेने से पहले अंतर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ (FIH) ने सभी को विश्वास में ले लिया था। अब टूर्नामेंट की मेजबानी के लिए एक नए स्थान के चयन को लेकर बातचीत चल रही है।

“अब हम FIH के साथ चर्चा कर रहे हैं, ताकि ओलंपिक और जूनियर विश्व कप के बीच पुरुषों और महिलाओं के लिए ACT की मेजबानी को सही जगह मिल सके।”

इकराम ने कहा, “यह विषम परिस्थितियों का खतरा और भाग लेने वाली टीमों के सामने आने वाली प्रतिकूल परिस्थितियों का एक और पहलू है।”