अतानू और दीपिका ने एशियाई तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में जीता ब्रॉन्ज़

दोनों तीरंदाज़ों ने चीनी खिलाड़ियों को हराकर 2019 एशियाई तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में भारत को अपना पहला पदक दिलाया।

लेखक रितेश जायसवाल ·

बैंकॉक में चल रही 2019 एशियाई तीरंदाज़ी चैंपियनशिप के तीसरे दिन सोमवार को रिकर्व वर्ग में भारत की अतानू दास और दीपिका कुमारी की मिश्रित युगल जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ब्रॉन्ज़ मेडल जीतने में सफलता हासिल की।

भारतीय जोड़ी ने शानदार फॉर्म में रहते हुए मिश्रित टीम स्पर्धा में न केवल तीसरा स्थान हासिल किया बल्कि व्यक्तिगत पदक की अपनी उम्मीदों को बनाए रखते हुए राजमंगला नेशनल स्टेडियम में चौथे दौर में अपनी जगह बनाने में सफलता हासिल की।

करीबी प्रतियोगिता

तीसरे स्थान पर रहने वाले टाई में वेई शॉक्सुआन और झेंग यिचाई की खतरनाक चीनी जोड़ी के खिलाफ भारतीयों ने शानदार शुरुआत करते हुए शुरुआती सेट 38-37 से अपने नाम कर लिया। जिसके बाद चीनी जोड़ी ने दूसरा सेट 39-37 से जीतते हुए शानदार वापसी की।

हालांकि, यह एकमात्र सेट था जिसमें दीपिका और अतानू अपने जीत के लक्ष्य से दूर हुए। इसके बाद दोनों खिलाड़ियों ने चीनी जोड़ी को कोई मौका नहीं दिया और बाकी के दोनों सेट में शानदार जीत दर्ज करते हुए मुक़ाबला 6-2 से जीतकर भारत को चैंपियनशिप में अपना पहला पदक दिलाया।

अभिषेक वर्मा और ज्योति वेनाम की भारत की मिश्रित टीम बुधवार को फाइनल में चीनी ताइपे से गोल्ड मेडल के लिए मुकाबला करेगी। इस भारतीय जोड़ी ने सेमीफाइनल मुकाबले में दक्षिण कोरियो को 159-154 से हराकर फाइनल टाई में अपनी जगह बनाई।

भारत की दीपिका कुमारी और अतानु दास एशियाई तीरंदाज़ी चैंपियनशिप में रिकर्व मिश्रित टीम में ब्रॉन्ज़ मेडल के लिए प्रतिस्पर्धा करते हुए शानदार फॉर्म में नज़र आए।

व्यक्तिगत प्रदर्शन

इससे पहले व्यक्तिगत वर्ग में तरुणदीप राय, अतानु और जयंत तालुकदार की पुरुषों की तिकड़ी ने प्रतियोगिता के चौथे दौर में जाने के लिए जीत दर्ज की। राय ने अपने मैच पर पूरी तरह से नियंत्रण रखते हुए जापान के डाइसुके तोमात्सु को 6-2 से हराकर शानदार प्रदर्शन किया। जबकि दास ने एक और जापानी तीरंदाज़ जून्या नाकानिशी के खिलाफ बिना किसी परेशानी के एक लम्बे अंतर से जीत दर्ज की।

मुश्किल में नज़र आए तालुकदार

इस बीच तालुकदार को शूट-ऑफ में बांग्लादेश के तमीमुल इस्लाम को 4 अंकों से हराने के लिए रैली में काफी मशक्कत करनी पड़ी। 20 वर्षीय बांग्लादेशी ने तीसरे सेट के अंत में 5-1 की बढ़त बनाने के लिए अच्छी शुरुआत की। जिसके बाद तालुकदार ने चौथे सेट में दो 10एस और नौ के साथ अच्छा प्रदर्शन करते हुए 29-27 से सेट जीत लिया और एक बार फिर मुकाबले में अपनी वापसी कर ली।

इसके बाद अगले सेट में भी 27-25 के साथ बढ़त बनाते हुए भारतीय तीरंदाज़ ने मैच को शूट-ऑफ में अपने हक में ले जाने का काम किया। निर्णायक सेट में 33 वर्षीय भारतीय ने 10 अंक हासिल किए जबकि इस्लाम सिर्फ सात अंक ही हासिल कर सके। जिसके चलते चौथे राउंड में तालुकदार ने मैच अपने नाम कर लिया।

वहीं, अतुल वर्मा कुछ खास प्रदर्शन नहीं कर पाए और अपने तीसरे दौर के मैच में चीन के वेई शाक्सुआन से 2-6 से हार गए।

भारत के जयंत तालुकदार को एशियाई तीरंदाजी चैंपियनशिप के तीसरे दौर में बांग्लादेश के तमीमुल इस्लाम को हराने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी।

लक्ष्य से रही दूरी

महिलाओं के हाफ में जहां दीपिका और अंकिता भकत अगले राउंड में प्रवेश करने में सफल रहीं, वहीं बोम्बायला देवी और युवा प्रोमिला डेमरी को अपने समय के नुकसान के बाद बाहर होना पड़ा। बोम्बायला का जापान की वाका सोनोडा से कोई मुकाबला नहीं था। जिसके चलते 17 साल की इस जापानी खिलाड़ी ने बोम्बायला पर 7-1 से आसान जीत दर्ज की। सोनोडा ने इस साल की शुरुआत में 2019 विश्व तीरंदाज़ी युवा चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल हासिल किया था। उन्होंने मैच के शुरुआती सेट से ही अपना नियंत्रण बनाए रखा और भारतीय खिलाड़ी को बढ़त बनाने का कोई भी मौका नहीं दिया।

इस बीच दीपिका और अंकिता अपने मुकाबलों में नियंत्रण में नज़र आईं। उन्होंने उज़्बेकिस्तान के कमोला यूनुसोवा और जापान के टोमाका ओहाशी पर अपने तीसरे दौर के मैचों में 6-4 से समान जीत दर्ज की।

कम्पाउंड सेगमेंट में शानदार प्रदर्शन

भारत ने कंपाउंड सेगमेंट में शानदार प्रदर्शन किया और देश के दोनों तीरंदाज़ों ने प्रतियोगिता में आगे अपनी बढ़त हासिल करने में सफलता हासिल की।

भारत के रजत चौहान ने एशियाई तीरंदाज़ी चैंपियनशिप के कम्पाउंड सेगमेंट में अपने सभी राउंड में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी राह आसान कर ली।

पुरुषों के मुक़ाबलों में रजत चौहान ने मलेशिया के स्याहरिज़ान जफ़र को 139-135 से हराया, अभिषेक वर्मा ने बांग्लादेश के एमडी सोहेल राणा को 145-140 और मोहन भारद्वाज ने दूसरे बांग्लादेशी तीरंदाज़ आशीष कुमेर दास को 147-143 से हराया। कवलप्रीत सिंह एकमात्र भारतीय थे, जो फिलिपींस के पॉल मार्टन डी ला क्रूज़ से 139-140 से हारकर पुरुष वर्ग से बाहर हो गए।

महिलाओं के वर्ग में मुस्कान किरार ने बांग्लादेश की शामोली रे 143-136 को हराया, जबकि ज्योति वेनाम ने श्रीलंका की अनुराधा करुणारत्ने को 141-134 से हराया। प्रिया गुर्जर एक अकेली तीरंदाज़ रहीं जो कज़ाकिस्तान की डायना मकारुचुक से 137-139 से हारकर प्रतियोगिता से बाहर हो गईं।