साउथ एशियन गेम्स: चौथे दिन भी भारतीय एथलीटों ने लगाई पदकों की झड़ी

ट्रैक एंड फ़ील्ड में भारतीय एथलीटों का दबदबा बरक़रार, भारतीय महिला हैंडबॉल टीम ने नेपाल को मात देकर जीता गोल्ड।

लेखक सैयद हुसैन ·

नेपाल की राजधानी काठमांडू के दसरथ स्टेडियम में चल रहे दक्षिण एशियाई खेलों में बुधवार को भी भारतीय एथलीटों का वर्चस्व जारी रहा। ट्रैक एंड फ़ील्ड में धमाकेदार आग़ाज़ करने के अगले दिन भी भारत का दबदबा जारी रहा और झोली में कई और पदकों के आने का सिलसिला क़ायम है।

भारत के लिए पहला पदक सुरेश कुमार ने दिलाया, जब उन्होंने 10, 000 मीटर दौड़ 29 मिनट 33.61 सेकंड्स में पूरी करते हुए पोडियम पर सबसे ऊपर रहे। 24 वर्षीय इस भारतीय धावक को शायद ही कोई चुनौती मिली, दूसरे नंबर पर रहे श्रीलंका के शान मुगेस्वरण ने दौड़ 30:49:30 सेकंड्स में पूरी की जबकि मेज़बान देश के धावक दीपक अधाकारी 30:50:06 की टाइमिंग के साथ तीसरे स्थान पर रहे।

महिलाओं की 200 मीटर दौड़ में भारत की अर्चना सुसीन्द्रण को पाकिस्तान की धावक नजमा प्रवीण से कड़ी टक्कर मिली, और बेहद कम अंतर से अर्चना ने गोल्ड मेडल पर कब्ज़ा जमाया। अर्चना ने 23.66 सेकंड्स में दौड़ पूरी की जबकि रजत पदक जीतने वाली नजमा की टाइमिंग 23.69 सेकंड्स थी। 24.27 सेकंड्स के साथ चंद्रलेखा आनंदन तीसरे स्थान पर रहते हुए कांस्य पदक हासिल किया।

फ़ील्ड डे

फ़ील्ड इवेंट्स में भारतीय एथलीटों ने धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए दक्षिण एशियाई खेलों के चौथे दिन कुल 7 पदक जीते। पुरुष डिस्कस थ्रो में जहां कृपाल सिंह बट्ठ और गगनदीप सिंह ने भारत के लिए दो पदक जीते तो लॉन्ग जम्प में लोकेश साथ्यानाथन और स्वामीनाथन ने भारत को सर्वोच दो पदक दिलाए। नवजीत कौर ढिल्लोन और सुरावी बिस्वास को भी कोई रोकने वाला नहीं था और दोनों ने महिला डिस्कस थ्रो में भारत की झोली में दो पदक डाले।

India's Lokesh Sathyanathan (centre) and Swamynathan won the gold and the silver medals in the long jump event at the 2019 South Asian Games. Image courtesy: 13sagnepal.com

बट्ठ ने दक्षिण एशियाई खेलों का नया रिकॉर्ड बनाते हुए स्वर्ण पदक पर कब्ज़ा जमाया, उन्होंने 57.8 मीटर की दूरी तय की। जबकि गगनदीप ने 53.57 मीटर की दूसरी के साथ उनके ठीक पीछे रहते हुए रजत पदक हासिल किया। लॉन्ग जम्प के फ़ाइनल में साथ्यानाथन ने 7.87 मीटर की छलांग के साथ गोल्ड मेडल जीता जबकि स्वामीनाथन ने 7.77 मीटर के साथ रजत पदक हासिल किया।

महिलाओं के वर्ग में नवजीत ने 49.87 मीटर की दूरी के साथ डिस्कस थ्रो में गोल्ड जीता तो 47.38 मीटर के साथ सुरावी उनके पीछे रहीं और उन्हें रजत पदक हासिल हुआ। महिला लॉन्ग जम्प में सांद्रा बाबु ने 6.02 मीटर की छलांग के साथ भारत की झोली में कांस्य पदक डाला।

शटलरों का भी शानदार खेल

इन सबके बीच बैडमिंटन कोर्ट से भी भारत के लिए ख़ुशियां ही ख़ुशियां आईं, जब सभी के सभी शटलरों ने अपने अपने मैच जीतते हुए अगले दौर में प्रवेश कर लिया।

पुरुष एकल मुक़ाबले के राउंड ऑफ़ 16 में आर्यमान टंडन बेहतरीन लय में नज़र आए और उन्होंने श्रीलंका के रंथुसका करुणाथिलाके को सीधे गेम में 21-17, 21-17 से शिकस्त दी। उधर सिरिल वर्मा ने पाकिस्तान के मुराद अली पर 21-12, 21-17 की जीत के साथ अगले दौर में जगह बनाई।

कबड्डी, हैंडबॉल और टेनिस में भी क़ामयाबी

दक्षिण एशियाई खेलों के चौथे दिन हैंडबॉल और कबड्डी में भी भारतीय टीम क़ामयाब रही। खो खो में भी भारतीय महिला टीम ने मेज़बान नेपाल के ऊपर जीत के साथ गोल्ड मेडल पर कब्ज़ा जमाया। भारतीय महिला खो खो टीम ने एकतरफ़ा मुक़ाबले में नेपाली टीम को 17-5 के बड़े अंतर से हराकर स्वर्ण पदक हासिल किया।

इसी तरह हैंडबॉल में भी भारतीय महिला टीम का दबदबा क़ायम रहा और मेज़बान नेपाल को 41-9 से करारी शिकस्त दी। शुरुआत से ही भारतीय टीम इस मैच में हावी रही, और पूरे मैच में कहीं भी भारतीय टीम ने नेपाल को वापसी का मौक़ा तक नहीं दिया। कबड्डी में भी भारतीय महिला टीम ने श्रीलंका के ख़िलाफ़ 53-14 की बड़ी जीत दर्ज की।

चौथे दिन भारतीय टेनिस टीम ने भी जीत के साथ 13वें दक्षिण एशियाई खेलों के फ़ाइनल इवेंट में जगह बना ली है। पुरुष वर्ग में भारतीय टेनिस टीम ने मेज़बान नेपाल पर 3-0 की जीत के साथ फ़ाइनल में जगह बनाई। जहां फ़ाइनल में उनके सामने स्वर्ण पदक के लिए पाकिस्तानी टीम की चुनौती होगी।

महिला टीम ने भी नेपाल को 3-0 से हराया और उन्होंने भी फ़ाइनल इवेंट में प्रवेश कर लिया है, जहां गोल्ड मेडल मैच के लिए उनका सामना श्रीलंकाई टीम से होगा।