रेसलिंग के ट्रायल्स पर सभी की नज़र 

रेसलिंग फेडरेशन ऑफ़ इंडिया की अगुवाई में एशियन ओलंपिक चैंपियनशिप क्वालिफायर के लिए होंगे ट्रायल्स। फिलहाल सुशील कुमार इसका हिस्सा नहीं होंगे।  

लेखक जतिन ऋषि राज ·

इस नए साल में भारतीय रेसलिंग के खेमे में बहुत सी चुनौतियां हैं और इस दौर को भारत के लिए सुनहरे मौके के रूप में भी देखा जा सकता है। शुक्रवार को नई दिल्ली के केडी जाधव इंडोर स्टेडियम में रेसलिंग फेडरशन ऑफ़ इंडिया (WFI) की अगुवाई में साल के पहले चयन की घोषणा की जाएगी। 

यह ट्रायल्स सीनियर एशियन चैंपियनशिप, कॉनटिनेन्टल ओलंपिक क्वालिफायर और माटेयो पेलिकोन मेमोरियल के मेंस फ्रीस्टाइल और ग्रीको-रोमन वर्ग के लिए किए जाएंगे। 

जनवरी का महीना भारतीय रेसलिंग के लिए बेहद व्यस्त होने वाला है। माना जा रहा है कि साउथ एशियन चैंपियनशिप जनवरी 17 से 23 तक खेली जाएगी, कॉनटिनेन्टल ओलंपिक क्वालिफायर मार्च 27 से 30 तक चीन में खेले जाएंगे और साथ ही माटेयो पेलिकोन मेमोरियल रोम में जनवरी 15 से 18 तक खेले जाएंगे।

शुक्रवार को भारतीय पहलवान फ्रीस्टाइल के (57 किग्रा, 74 किग्रा, 86 किग्रा, 97 किग्रा और 125 किग्रा) वर्ग में अपना जौहर दिखाते नज़र आएंगे और इसके साथ वह ग्रीको रोमन के (60 किग्रा, 67 किग्रा, 77 किग्रा, 87 किग्रा, 97 किग्रा और 130 किग्रा)वर्ग में भिड़ते नज़र आएंगे। 

भारत 2020 ओलंपिक गेम्स के लिए तीन कोटा हासिल कर चुका है और इसी वजह से बजरंग पुनिया को इन ट्रायल्स में शिरकत करने की आवश्यकता नहीं है। हालांकि रवि दहिया (57 किग्रा) और दीपक पुनिया (86 किग्रा) रोम में जीत के लिए ज़रूर खेलेंगे।

सुशील कुमार ने अपने ट्रायल्स को आगे बढाने की गुहार लगाई 

सुशील कुमार ने बाद में ट्रायल्स की गुहार लगाई

शुक्रवार को ट्रायल्स में एक और भारतीय नाम नहीं होगा और वह है सुशील कुमार। भारत के लिए दो ओलंपिक मेडल जीतने वाले सुशील कंधे में लगी चोट के कारण इन ट्रायल्स का हिस्सा नहीं होंगे। सुशील ने फेडरेशन से अभी ट्रायल्स में शिरकत न करने की गुहार भी लगाई है।

द इंडियन एक्सप्रेस से बात करते हुए सुशील ने कहा कि “मैंने अपने ट्रायल्स को रद्द कर बाद में रखने की गुहार लगाई है। मैं कंधे की चोट की रिकवरी पर हूं और शुक्रवार को होने वाले ट्रायल्स में नहीं खेल पाऊंगा। मैं इसके लिए काफी समय से तैयारी कर रहा हूं और उम्मीद करता हूं कि फेडरेशन इस गुहार पर अमल करते हुए मेरा ट्रायल बाद में लेगी।”

हालांकि फेडरेशन ने अभी सुशील की गुहार पर कोई पुष्टि नहीं की है। हम आपको बता दें कि सुशील कुमार 74 किग्रा वर्ग में खेलते हैं और उनसे अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद भी की जा सकती है। 74 किग्रा वर्ग में भारत की ओर से 4 पहलवान भिड़ते दिखेंगे और उनमे केवल एक ही आगेकॉनटिनेन्टल ओलंपिक क्वालिफायर और अन्य दो प्रतियोगिताओं में भाग ले पाएगा। एक नाम है गौरव बालियान जो कि पिछले साल सीनियर नेशनल चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीत चुकें हैं। वहीं संदीप मान और नवीन भी बालियान के साथ शुक्रवार को ट्रायल्स देते दिखंगे और इसे जीतने वाला बाद में सुशील कुमार के साथ फाइनल राउंड में खेलता दिख सकता है। इन 4 पहलवानों में से कोई एक ही पहलवान जीत कर अपना कारवां आगे बढ़ाएगा।

सत्यव्रत कादियान बनाम मौसम खत्री

97 किग्रा वर्ग भी बड़े नामो से सजा है। इस वर्ग मेंसत्यव्रत कादियान और मौसम खत्री का आमना सामना हो सकता है। मौसम साल 2018 के नेशनल चैंपियन रह चुकें हैं और यही खिताब साल 2019 में कादियान ने अपने नाम कर एक बार फिर अपने नाम का डंका बजाया। इसी वर्ग में अंडर 23 नेशनल चैंपियन आकाश अंतिल और कपिल भी खेलते दिखाई देंगे।

रेसलिंग ने हमेशा से ही भारत का नाम रोशन किया है। इसी ज़मीन का एक और पहलवान है जिसे ट्रायल्स में ज़्यादा टक्कर देने वाला कोई नहीं है। वह नाम है सुमित मलिक, जिन्होंने 125 किग्रा वर्ग में खेलते हुए नूर सुल्तान में हुई नेशनल चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीत अपने करियर में चार चांद लगाया था। इतना ही नहीं, कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन चैंपियनशिप में भी गोल्ड मेडल की चमक अपने नाम कर इन्होंने मैट पर अपना लोहा मनवाया।

125 किग्रा वर्ग में सुमित मलिक एक बड़ा नाम  

ग्रीको-रोमन के लिए भारतीय पहलवान हैं तैयार 

अब बात करते हैं ग्रीको-रोमन की, इस वर्ग में भी बहुत से पहलवान अपने हुनर का जलवा दिखाएंगे। यह ट्रायल्स भी एशियन चैंपियनशिप, कॉन्टिनेन्टल ओलंपिक क्वालिफायर और माटेयो पेलिकोन मेमोरियल के लिए रहेंगे।

पिछले साल वर्ल्ड चैंपियनशिप के दौरान किसी भी भारतीय पहलवान ने ग्रीको-रोमन वर्ग में ओलंपिक कोटा नहीं जीता था। हम आपको बता दें कि ग्रीको-रोमन भी 6 वेट वर्गों में विभाजित है। 77 किग्रा में नेशनल चैंपियन गुरप्रीत सिंह की भिड़ंत साजन से हो सकती है। 

इन्हीं के साथ 87 किग्रा में 2019 एशियन चैंपियनशिप के सिल्वर मेडल विजेता हरप्रीत सिंह का सामना हो सकता है सुनील से। यह टक्कर भी कांटे की हो सकती है।  

कहा देखें?

यह मुकाबले Wrestling TV पर देखे जा सकते हैं।