दिसंबर या जनवरी में इंडिया ओपन के आयोजित होने की संभावना

राष्ट्रीय निकाय ने कहा कि उन्होंने BWF से दिसंबर-जनवरी में सुपर 500 इवेंट को आयोजित करने की इच्छा जाहिर की है।

बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया (Badminton Association of India) दिसंबर-जनवरी में इंडिया ओपन सुपर 500 के आयोजन की उम्मीद कर रहा है, बशर्ते कि COVID-19 का खतरा खत्म हो और सरकार इसके आयोजन की अनुमति दे।

बीएआई के महासचिव अजय के सिंघानिया ( Ajay K Singhania) ने कहा कि बैडमिंटन विश्व महासंघ (Badminton World Federation) (बीडब्ल्यूएफ) ने भारतीय निकाय को पत्र लिखकर उनसे इस आयोजन के लिए स्लॉट मांगा था, जिसे शुरू में मार्च में आयोजित किया जाना था, लेकिन महामारी के बाद निलंबित कर दिया गया था।

सिंघानिया ने प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (PTI) से अपने जवाब में कहा, "हमने उन्हें बताया कि हम दिसंबर या जनवरी में इंडिया ओपन आयोजित करने के लिए तैयार हैं, लेकिन ये सब इस बात पर निर्भर करता है कि वैश्विक स्वास्थ्य संकट नियंत्रण में रहे और सरकार की मंजूरी पर निर्भर करता मिलती है या नहीं।" 

“हमें पिछले हफ्ते (BWF से) मेल मिला, जिसमें पूछा गया कि क्या हम सितंबर में इस कार्यक्रम की मेज़बानी कर सकते हैं, लेकिन चारों ओर की अनिश्चितताओं को देखते हुए, हमने दिसंबर को पहला विकल्प और जनवरी को दूसरे विकल्प के रूप में चुना। लेकिन ये बहुत सारी चीज़ों पर निर्भर करता है। अभी अंतराष्ट्रीय यात्रा पर भी प्रतिबंध है, इसलिए देखते हैं आगे क्या होता है।"

दुनियाभर के अधिकांश खेल आयोजनों की तरह, बैडमिंटन से जुड़े सारे इवेंट्स को भी कोरोना वायरस के प्रकोप के कारण या तो निलंबित या रद्द कर दिया गया है। BWF ने विश्व रैंकिंग को भी फ्रीज़ कर दिया है और ओलंपिक क्वालिफिकेशन अवधि को निलंबित कर दिया है। 

महामारी के मद्देनज़र किए गए रोक-थाम से पहले बीडब्ल्यूएफ ने ऑल इंग्लैंड ओपन को 11-15 मार्च तक आयोजित किया था, जोकि बैडमिंटन का अंतिम कार्यक्रम था।

थॉमस और उबेर कप भी हुआ स्थगित

बुधवार को बीडब्ल्यूएफ द्वारा कि गई घोषणा में ये भी बताया गया कि 2020 थॉमस और उबेर कप को 3-11 अक्टूबर तक के लिए आगे बढ़ा दिया गया है।

वहीं डेनमार्क के आरहूस में आयोजित होने वाली टीम चैंपियनशिप को 15 से 23 अगस्त तक के लिए निर्धारित किया गया था, लेकिन डेनमार्क की सरकार ने अगस्त के अंत तक डेनमार्क में 'बड़े इवेंट' पर प्रतिबंध लगा दिया है, जिसके बाद BWF ने इस आयोजन को आगे बढ़ाने का फैसला किया।

इस बीच बीएआई (BAI) भी ये सुनिश्चित करने की दिशा में काम कर रहा है कि मुख्य शटलर जल्द ही कोर्ट पर वापस आ सकें।

BAI के महासचिव ने कहा कि वो हैदराबाद में गोपीचंद अकादमी को फिर से खोलने के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के साथ बातचीत कर रहे हैं, जिसे मार्च में नेशनल लॉकडाउन की घोषणा के बाद से बंद कर दिया गया था।

सिंघानिया ने कहा, “हमने SAI से अनुरोध किया है कि वो हमें 3 मई के बाद पुलेला गोपीचंद अकादमी खोलने की अनुमति दे। सभी शटलर घर पर फिट रहने की कोशिश कर रहे हैं। हम उम्मीद कर रहे हैं कि वे जल्द से जल्द ओलंपिक की तैयारी शुरू कर दें।” 

हैदराबाद सेंटर भी बैडमिंटन के नेशनल कैंप का वेन्यू है। लेकिन अकादमी बंद होने की वजह से शटलरों को घर के अंदर रहने और कोच और प्रशिक्षकों के साथ अपनी फिटनेस पर काम करने के लिए नियमित रूप से ऑनलाइन सत्र आयोजित करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।

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