अपने जन्मदिन के दिन ज्वाला गुट्टा ने की तमिल फिल्म स्टार विष्णु विशाल से सगाई

पूर्व भारतीय शटलर और उनके फिल्म स्टार ब्वॉयफ्रेंड विष्णु विशाल ने ट्विटर पर अपनी सगाई की घोषणा की है। इन दोनों की पहले एक बार शादी हो चुकी है।

लेखक रितेश जायसवाल ·

भारत की अग्रणी महिला युगल बैडमिंटन खिलाड़ियों में से एक ज्वाला गुट्टा (Jwala Gutta) को उनके 37 वें जन्मदिन पर जबरदस्त सरप्राइज़ मिला। लंबे समय से उनके प्रेमी और तमिल फिल्म स्टार विष्णु विशाल (Vishnu Vishal) ने इस दिन को शादी का प्रस्ताव देने के लिए चुना।

बीते कुछ सालों से दोनों एक-दूसरे के साथ देखे गए हैं और अब कोरोना वायरस (COVID-19) महामारी के बाद शादी की तारीख तय करने का इंतजार कर रहे हैं।

इससे पहले ज्वाला गुट्टा की शादी पूर्व बैडमिंटन खिलाड़ी चेतन आनंद (Chetan Anand) से हुई थी। साल 2011 में उनका तलाक हो गया। वहीं, विष्णु ने फिल्म निर्माता रजनी नटराज से शादी की थी और उनका एक बेटा आर्यन है।

विष्णु ने इस खुशख़बरी को साझा करने के लिए ट्विटर का सहारा लिया।

ज्वाला गुट्टा ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया, "हम दोनों एक-दूसरे के बारे में बहुत गंभीर हैं और हमारे बीच लंबे समय से एक ख़ास जुड़ाव था।"

“लेकिन मुझे उम्मीद नहीं थी कि विष्णु मेरे जन्मदिन पर मेरे सामने यह प्रस्ताव रखेंगे। यह वास्तव में एक ख़ास सरप्राइज़ था और अब यह सच लगने लगा है।"

2000 के दशक के दौरान तेज़ी से आगे बढ़ीं ज्वाला गुट्टा भारत की सर्वश्रेष्ठ युगल खिलाड़ियों में से एक रही हैं।

महिलाओं के युगल वर्ग में अश्विनी पोनप्पा (Ashwini Ponappa) और मिश्रित युगल में वी दीजू (V Diju) के के साथ जोड़ी बनाते हुए हैदराबाद स्थित शटलर ने अपने करियर में बहुत कुछ हासिल किया।

ज्वाला-दीजू की मिश्रित युगल जोड़ी ग्रां प्री गोल्ड खिताब जीतने वाली पहली भारतीय टीम बन गई थी, जब उन्होंने 2009 में चीनी ताइपे का ताज जीता था।

एक साल बाद ये जोड़ी BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने वाली पहली भारतीय जोड़ी बन गई। उसके अगले साल भी यह जोड़ी ये कारनामा फिर से करने में कामयाब रही।

2010 का सीज़न काफी ख़ास रहा, क्योंकि ज्वाला और दीजू की जोड़ी सीज़न के अंत में बीडब्ल्यूएफ सुपर सीरीज़ मास्टर्स के फाइनल में जगह बनाने में कामयाब रही। अंततः वे विश्व चैंपियनशिप की कांस्य पदक विजेता क्रिस्टीना पेडर्सन (Christinna Pedersen) और डेनमार्क के जोकिम फिशर नीलसन (Joachim Fischer Nielsen) की जोड़ी से हार गए।

यह वह सीजन भी था, जिसमें ज्वाला गुट्टा ने पहली बार युवा खिलाड़ी अश्विनी पोन्नपा के साथ जोड़ी बनाई।

ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा BWF विश्व चैंपियनशिप पदक जीतने वाली पहली भारतीय जोड़ी है।

ज्वाला-अश्विनी की जोड़ी ने 2010 के कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने के साथ ही महिला युगल में भारत के लिए पहली बार शुरुआत की और फिर विश्व चैंपियनशिप में पदक जीतने वाली पहली भारतीय जोड़ी बन गई। साल 2011 में इस प्रतियोगिता में उन्होंने कांस्य पदक जीता।

इस गति से आगे बढ़ते हुए ज्वाला और अश्विनी की जोड़ी ने 2012 के लंदन ओलंपिक के ग्रुप स्टेज में लोगों का ध्यान आकर्षित किया, लेकिन एक तकनीकी खराबी की वजह से यह जोड़ी क्वार्टर-फाइनल में हार गई।

हालांकि, उन्होंने लंदन में हुए इस नुकसान की भरपाई जल्द ही कर ली। ज्वाला और अश्विनी ने 2014 में एक ऐतिहासिक उबेर कप कांस्य पदक के साथ भारत का नेतृत्व किया और इसके बाद 2016 में दूसरा स्थान हासिल किया।

लेकिन 2016 के ओलंपिक खेलों में बहुत अच्छा प्रदर्शन न कर पाने के बाद ज्वाला गुट्टा ने युवा प्रतिभाओं के हुनर को निखारने पर अपना ध्यान केंद्रित किया, जिसके लिए उन्होंने साल 2019 में अपनी अकादमी ‘ज्वाला गुट्टा ग्लोबल एकेडमी फॉर बैडमिंटन’ की स्थापना की।