मैरी कॉम: ओलंपिक स्वर्ण पदक जीतना मेरा लक्ष्य, हार नहीं मानूंगी

इस दिग्गज मुक्केबाज़ ने कोरोना वायरस की स्थिति पर अपने विचार साझा करने के लिए, कैसे एक छोटे शहर से निकलीं, और अपनी मात्रभूमि के बारे में बताने के लिए फेसबुक लाइव किया।

भारतीय दिग्गज मुक्केबाज़ एमसी मैरी कॉम (MC Mary Kom) ने कहा है कि देश के लिए ओलंपिक स्वर्ण पदक जीतने की अभिलाषा काफी लंबे समय से है और उनके करियर में कई उपलब्धियों के बावजूद ये ओलंपिक स्वर्ण जीतने की इच्छा कम नहीं हुई है।

भारतीय खेल प्राधिकरण के फेसबुक पेज पर बुधवार को 37 वर्षीय इस मुक्केबाज़ ने लाइव वीडियो में कहा, "मैंने विश्व चैंपियनशिप जीती है, कई अंतरराष्ट्रीय खिताब हासिल किया है यहां तक ​​कि ओलंपिक में कांस्य पदक भी जीत चुकी हूं लेकिन ओलंपिक स्वर्ण पदक जीतने की इच्छा कम नहीं हुई है और मैं इसके लिए मेहनत करती रहूँगी  और हार नहीं मानूंगी।"

"उतार-चढ़ाव आते रहेंगे, कभी आपको हार मिलती है तो कहीं आप जीत सकते हैं लेकिन सबसे महत्वपूर्ण ये है कि आप आगे बढ़ते रहें और अगर आप कड़ी मेहनत करते हैं और इच्छाशक्ति रखते हैं तो आपको भी एहसास होगा कि आप अपने सपनों को पूरा कर सकते हैं।"

मैरी कॉम ने अपने संकल्प के साथ नॉर्थ-ईस्ट भारत को खेल के नक्शे पर लाने में मदद की और मणिपुरवासियों ने इस क्षेत्र में आगे बढ़ते हुए उनकी कोशिशों को साकारा किया है।

मैरी कॉम ने कहा कि, “मैं एक गरीब परिवार से आई थी और इस स्तर तक पहुँचना मुश्किल था। मैंने बहुत संघर्ष किया, ट्रेनिंग के लिए बहुत बुनियादी ढाँचा नहीं था लेकिन मैं मानसिक रूप से मजबूत थी और सभी कोच ने जो किया, उसके अलावा मैंने अतिरिक्त काम किया।“

"मेरे पास ऐसा करने की इच्छाशक्ति थी और इसलिए मैं कभी भी किसी बाधा पर नहीं रुकी और आपने मुझे जो प्यार और सम्मान दिया है वह बहुत मायने रखता है।"

मैरी कॉम ने यह भी बताया कि तीन बच्चों को जन्म देने के बाद एक बार फिर खुद को साबित करने के लिए सफर शुरू करना कितना कठिन था और वो संतुष्ट थी कि उन्होंने ये सफर आत्मविश्वास के साथ शुरू किया है।

पिछले महीने जॉर्डन के अम्मान में हुए एशियन बॉक्सिंग ओलंपिक क्वालिफायर में दूसरे ओलंपिक के लिए क्वालिफाई करने वाली भारतीय मुक्केबाज़ ने देश से उनकी सफलता के लिए प्रार्थना करने की अपील की।M

मैरी कॉम जॉर्डन से लौटने के बाद से अपने दिल्ली निवास पर सेल्फ़ आइसोलेशन में हैं और कोरोना वायरस (COVID-19) के कारण राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन का पालन कर रही हैं, जिसका मतलब है कि वो कम से कम 15 अप्रैल तक घर पर ही समय बिताएंगी।

उन्होंने नागरिकों से सावधान रहने और महामारी से लड़ने के लिए सरकारी सलाह का पालन करने का अनुरोध किया।

मैरी कॉम ने अपने अपील में कहा कि, "सरकार और चिकित्सा टीमों की मदद करने का एकमात्र तरीका घर पर रहना है, ये आसान नहीं हो सकता है, लेकिन ये हमारे लिए सबसे अच्छा विकल्प है।"

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