कोलोन बॉक्सिंग वर्ल्डकप के फाइनल्स में पहुंचे सतीश कुमार और सिमरनजीत कौर

जर्मनी में कोलोन विश्व कप में चार अलग-अलग डिवीजनों में कुल पांच भारतीय मुक्केबाज गोल्ड मेडल के लिए रिंग में उतरेंगे।

लेखक लक्ष्य शर्मा ·

भारतीय मुक्केबाज जर्मनी में चल रहे कोलोन विश्व कप (Cologne World Cup) के आखिरी दिन चार स्वर्ण पदक जीतने की उम्मीद कर रहे हैं।

एआईबीए फ्लाईवेट के नंबर वन मुक्केबाज अमित पंघल (Amit Panghal) ने शुक्रवार को ही 52 किलोग्राम के फाइनल में जगह बना ली थी। अब टोक्यो ओलंपिक में अपनी जगह बना चुके सतीश कुमार (Satish Kumar) (मेंस +91kg) और सिमरनजीत कौर (Simranjit Kaur) (वुमेंस 60 किलोग्राम) ने फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है।

सुपरहैवीवेट सतीश, जिन्होंने क्वार्टर फाइनल में मोल्डोवा के अलेक्सी ज़ावाटिन (Alexei Zavatin) को हराया, उन्होंने फाइनल में जगह बनाने के लिए फ्रांस के बॉक्सर जिमेल-दीनी अबाउदो (Djamel-Dini Aboudou) को 4-1 से हराया। फाइनल में कॉमनवेल्थ गेम्स के सिल्वर पदक विजेता का सामना जर्मनी के नेल्वि टियाफ़ैक (Nelvie Tiafack) से होगा।

वहीं सिमरनजीत ने यूक्रेन के मारियाना बासनेट्स (Marianna Basanets) को 4-1 से हराकर खिताबी मुकाबलें में अपनी जगह पक्की की। 2018 वर्ल्ड चैंपियनशिप की कांस्य पदक विजेता को अब गोल्ड मेडल जीतने के लिए फाइनल में जर्मनी बॉक्सर माया क्लेनहंस (Maya Kleinhans) को शिकस्त देनी होगी।

वुमेंस के 57 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड जीतने के लिए दो भारतीयों के बीच भिड़ंत होगी, फाइनल में मनीषा (Manisha) और साक्षी (Sakshi) का सामना होगा। मनीषा ने जहां सेमीफाइनल में सोनिया लाथेर (Sonia Lather) को हराया था तो साक्षी ने फाइनल में जगह बनाने के लिए जर्मनी की ग्राफ रमोना (Graff Ramona) को पटखनी दी थी।

टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालिफाई कर चुकी पूजा रानी (Pooja Rani) के लिए निराशानजक दिन रहा, भारतीय बॉक्सर को 75 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में नीदरलैंड्स की नाउचका फॉन्टिजन (Nouchka Fontijn) से हार झेलनी पड़ी, जिसकी वजह से उन्हें कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा।

इसके अलावा मेंस 57 किलोग्राम वर्ग में सभी भारतीय मुक्केबाजों को हार का सामना करना पड़ा। गौरव सोलंकी (Gaurav Solanki) को फ्रांस के सैमुअल किस्तोहुर्री (Samuel Kistohurry) के खिलाफ हार झेलनी पड़ी तो मोहम्मद हुसामुद्दीन (Mohamed Hussamuddin) को घरेलू फेवरेट हमसट शदलोव (Hamsat Shadalov) के खिलाफ शिकस्त का सामना करना पड़ा। दोनों ही खिलाड़ियों ने कांस्य पदक अपने नाम किया।

टोक्यो ओलंपिक से पहले भारतीय बॉक्सर्स के लिए कोलोन वर्ल्डकप आखिरी तैयारी का मौका है और इस मुक्केबाजी ग्रुप को ओलंपिक को देखते हुए तैयार किया गया है।

मुक्केबाजों ने एसिसि में इटली ओलंपिक सेंटर में ट्रेनिंग की। इसके अलावा उन्होंने अक्टूबर में फ्रांस के नांतेस में एलेक्सिस वास्टीन अंतर्राष्ट्रीय मुक्केबाजी टूर्नामेंट में भाग लिया, जहां उन्होंने तीन स्वर्ण, एक रजत और तीन कांस्य पदक जीते।