COVID के भारत में वर्ल्ड ड्रेसेज चैलेंज के साथ बहाल होगी इक्वेस्ट्रियन प्रतियोगिता

भारतीय आर्मी के साथ मिलकर इक्वेस्ट्रियन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया भारत में दो इवेंट की मेज़बानी करेगा, दिल्ली और बेंगलुरु में होगी प्रतियोगिताएं।

लेखक सैयद हुसैन ·

कोरोना वायरस (COVID-19) की वजह से लगे ब्रेक के बाद एक बार फिर देश में खेल बहाल होने जा रहा है, और इसी क्रम में इक्वेस्ट्रियन प्रतियोगिता की मेज़बानी भारत करेगा।

शनिवार को इक्वेस्ट्रियन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया (EFI) ने इस बात का ऐलान किया कि दिल्ली और बेंगलुरु में वर्ल्ड ड्रेसेज चैलेंज के दो इवेंट होंगे।

पहली प्रतियोगिता राजधानी दिल्ली के आर्मी पोलो एंड रेस कोर्स (APRC) में 4 और 5 नवंबर को आयोजित होगी। जबकि दूसरा इवेंट बेंगलुरु के ASC राइडिंग एंड पोलो अकादमी (ARPA) में 7 और 8 नवंबर को खेला जाएगा। भारत की ओर से कुल 80 घुड़सवार इन प्रतियोगिताओं का हिस्सा होंगे।

EFI ने इस बात का पूरा ध्यान रखा है और उन सारे प्रोटोकॉल्स पर नज़र रखी जाएगी ताकि घुड़सवारों के साथ-साथ घोड़ों पर कोविड का कोई असर न हो। ये उसी दिशा निर्देशों के तहत होगा जो भारतीय खेल मंत्रालय, विश्व स्वास्थ्य संगठन और अंतर्राष्ट्रीय इक्वेस्ट्रियन फ़ेडरेशन (FEI) की ओर से जारी किए गए हैं।

देश में घुड़सवारी की लोकप्रियता बढ़ाने के लिए भारतीय आर्मी ने भी इसमें हाथ बंटाया है और वह आगे आई है। आर्मी दोनों इवेंट के लिए अपेक्षित बुनियादी ढांचा, जनशक्ति, चिकित्सा और पशु चिकित्सा सहायता प्रदान करेगी।

वर्ल्ड ड्रेसेज चैलेंज (WDC) कम अनुभवी ड्रेनेज राइडर्स के लिए अंतर्राष्ट्रीय-मानक प्रतियोगिता प्रदान करने के लिए FEI द्वारा एक पहल है, जिससे उनका और खेला का विकास किया जा सके।

ये इवेंट उन युवा राइडर्स के लिए एक शानदार मौक़ा होगा जो सामान्य हालातों में इस तरह की अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में शिरकत नहीं कर पाते।

इस इवेंट में एक व्यक्तिगत और टीम ड्रेसेज स्पर्धा होगी और दो आयु वर्ग प्रतियोगिताएं होगीं जो 12-16 वर्ष और 16-प्लस कैटेगिरी में होंगी।

आपको बताते चलें कि इस इवेंट में राइडर्स के प्रदर्शन के आधार पर उन्हें विश्व रैंकिंग में मदद मिलती है, जबकि इस तरह के टूर्नामेंट में क्षेत्रीय रैंकिंग प्रणाली भी है।

घुड़सवारी प्रतियोगिताएं धीरे-धीरे भारत में लोकप्रिय हो रही हैं और यही इस तरह के इवेंट की मेज़बानी का सही समय है।

पिछले 20 सालों में पहली बार फ़ौआद मिर्ज़ा (Fouaad Mirza) ओलंपिक में इक्वेस्ट्रियन प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। उन्होंने टोक्यो 2020 के लिए इसी साल की शुरुआत में क्वालिफ़ाई कर लिया था।