रॉकेट मोर्गेज क्लासिक में अर्जुन अटवाल का शानदार प्रदर्शन, कट में बनाई जगह

डेट्रायट में चल रहे यूएस पीजीए इवेंट के राउंड में 3 अंडर 69 का स्कोर बनाते हुए अर्जुन ने अंतिम 2 राउंड में जगह बना ली है।

भारत के अनुभवी गोल्फर अर्जुन अटवाल (Arjun Atwal) ने शुक्रवार को अमेरिका के डेट्रायट में रॉकेट मोर्गेज क्लासिक में शानदार प्रदर्शन करते हुए 13 स्थान की छलांग लगाई और 55वां स्थान हासिल किया।

शुरुआती राउंड में इस गोल्फ़र ने दो अंडर 70 स्कोर किए थे, इसके बाद दूसरे राउंड में भारतीय गोल्फर ने तीन अंडर 69 का कार्ड खेला। अटवाल का का दो दिन का कुल स्कोर पांच अंडर 139 है, जो कट हासिल करने के लिए जरूरी था।

यह प्रदर्शन उन्हें विजय सिंह (Vijay Singh), बुब्बा वाटसन (Bubba Watson) और जेसन डे (Jason Day) जैसे बड़े खिलाड़ियों को पछाड़कर अंतिम 2 राउंड में जगह बनाने के लिए काफी था।

अमेरिका के वेब सिम्पसन (Webb Simpson) और क्रिस किर्क (Chris Kirk) 12 अंडर 132 के स्कोर के साथ संयुक्त रूप से शीर्ष पर चल रहे हैं।

राउंड 2 में 47 साल के इस गोल्फर ने पहले हॉल में बोगी लगाई लेकिन तीसरे और सातवें हॉल में उन्होंने बर्डी लगाकर अपना आत्मविश्वास बढ़ा लिया। इस दौरान अर्जुन ने ईगल भी लगाया, जो कि दिन का उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा।

यूनाइटेड स्टेट्स के ब्रायसन डेचम्बेउ दूसरे राउंड में शॉट खेलते हुए
यूनाइटेड स्टेट्स के ब्रायसन डेचम्बेउ दूसरे राउंड में शॉट खेलते हुएयूनाइटेड स्टेट्स के ब्रायसन डेचम्बेउ दूसरे राउंड में शॉट खेलते हुए

बदलाव की ओर अटवाल

पिछले कुछ महीनों में अर्जुन अटवाल पीठ की चोट से परेशान चल रहे हैं और हाल ही में उन्हें रीढ़ की हड्डी में भी चोट लगी थी। बढ़ती चोट और उम्र को देखते हुए अटवाल ने अपनी ट्रेनिंग का तरीका बदल दिया है।

डेट्रॉइट गोल्फ़ क्लब में पीजीए टूर से बात करते हुए भारतीय गोल्फर ने कहा कि वह पांच बार के मेजर विजेता फिल मिकेलसन (Phil Mickelson) से प्रेरित हैं।

अर्जुन ने कहा कि फिल ने दिखाया, “40 या 50 की उम्र में भी कोई अच्छा प्रदर्शन कर सकता है और उनसे मैं काफी प्रेरणा लेता हूं। इससे मैंने सीखा है कि जब तक मैं स्वस्थ हूं, तब तक प्रतिस्पर्धा कर सकता हूं, मेरे पास ऐसा कोई कारण नहीं कि मैं दूसरों को चुनौती ना दे पाऊं, मैं यहां हूं ताकि प्रतिस्पर्धा कर सकूं, मैं गोल्फ़ टूर्नामेंट जीतने के मकसद से उतरा हूं।”

इसके अलावा उन्होंने कहा, “मैं रोल पर आना चाहता हूं और प्रतिस्पर्धी बनना चाहता हूं। जब तक मैं 50 वर्ष का नहीं हो जाता, तब तक मैं चैंपियंस पर खेलने के लिए भी तैयार रहुंगा। मैं उन टूर को भी जीतना चाहता हूं। मुझे तब भी जीतने की इच्छा है जब तक मेरा शरीर अच्छा प्रदर्शन करने में मेरा साथ देगा। अगर वो चीजें हैं, तो मैं खेलूंगा। फिलहाल, मैं बहुत अच्छा महसूस कर रहा हूं।”

रॉकेट मोर्गेज क्लासिक का तीसरा दौर रविवार को भारतीय समयानुसार 12:30  से शुरू होगा।

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