भारतीय पुरुष और महिला हॉकी टीमों ने 2020 में अपनी सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग फिर से हासिल की

पुरुष हॉकी टीम जहां चौथे स्थान पर पहुंचने में सफल रही, वहीं भारतीय महिला हॉकी टीम ने 2020 के अंत तक नौवां स्थान हासिल कर लिया है।

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

COVID-19 के कारण साल भर बुरी खबरों के बीच साल के अंत में आखिरकार भारतीय हॉकी (Indian hockey) को अच्छी खबरें मिलीं। खबर ये है कि पुरुष और महिला दोनों टीमों ने इतिहास की अपनी सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग के साथ साल का अंत किया है।

भारतीय पुरुष हॉकी टीम इस वर्ष की शुरुआत में अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ (International Hockey Federation) विश्व रैंकिंग में चौथे स्थान पर पहुंच गई थी। इस टीम ने सोमवार को जारी साल के अंतिम रैंकिंग में 2063.78 अंकों के साथ उस स्थान को बनाए रखा है। बेल्जियम 2496.88 अंकों के साथ शीर्ष पुरुष टीम बन गई है।

इस बीच, भारतीय महिला हॉकी टीम को साल के अंतिम एफआईएच रैंकिंग में 1543 अंकों के साथ नौवें स्थान पर रखा गया है। ये महिला हॉकी के इतिहास की सर्वश्रेष्ठ  रैंकिंग भी है। उन्होंने पहली बार 2018 में नौवां स्थान हासिल किया था।

एफआईएच ने जनवरी में एफआईएच विश्व रैंकिंग की गणना के लिए एक नया मैच-आधारित मॉडल पेश किया था, जिसमें विपक्षी टीमें एफआईएच के मैचों में अंक आदान-प्रदान करते हैं। एक्सचेंज किए गए अंकों की संख्या मैच के परिणाम, टीमों की रैंकिंग और मैच के महत्व पर निर्भर करती है।

भारतीय हॉकी पुरुषों की टीम ने 2020 में अपने पहले एफआईएच प्रो लीग (FIH Pro League) अभियान में भाग लिया, जहां उन्होंने विश्व चैंपियन बेल्जियम, नीदरलैंड और ऑस्ट्रेलिया पर के खिलाफ छह गेम खेले, ये टीमें विश्व रैंकिंग में शीर्ष तीन स्थानों पर कब्जा जमाई हुई हैं।

भारत ने निर्धारित समय में दो मैच जीते, आगे के मुक़ाबलों में भारत ने दो मैच पेनल्टी शूट-आउट में जीते और दो में उसे हार का सामना करना पड़ा।

इस प्रदर्शन ने भारतीय पुरुष हॉकी टीम को एफआईएच विश्व रैंकिंग में मौजूदा ओलंपिक चैंपियन अर्जेंटीना से आगे चौथे स्थान पर पहुंचने में मदद की।

दूसरी ओर, भारतीय हॉकी महिला टीम ने 2020 में कोई प्रतिस्पर्धात्मक मुक़ाबले नहीं खेला। उन्होंने महिला एफआईएच प्रो लीग के लिए क्वालीफाई नहीं किया और सिर्फ जनवरी में अभ्यास दौरे के लिए न्यूजीलैंड की यात्रा की, इसलिए उन्हें रैंकिंग में आगे बढ़ने का कोई अवसर नहीं मिला।

आठ बार की विश्व चैंपियन नीदरलैंड महिला हॉकी टीम 2631.99 अंकों के साथ में शीर्ष रैंक वाली टीम के रूप में साल का अंत किया।

उनके बाद अर्जेंटीना दूसरे स्थान पर और जर्मनी तीसरे स्थान पर रही, जिसने सितंबर में FIH प्रो लीग में बेल्जियम को दो बार हराने के बाद ऑस्ट्रेलिया को पीछे छोड़ दिया।