भारतीय हॉकी खिलाड़ी और कोच लॉकडाउन के दौरान फ़ोटोग्राफ़ी, गेम्स और फ़िल्मों में व्यस्त हैं 

राष्ट्रीय लॉकडाउन के दूसरे चरण में भारतीय हॉकी खिलाड़ियों को SAI केंद्र के अंदर हॉकी फील्ड और जिम का उपयोग करने से रोक दिया गया है।

भारतीय महिला हॉकी टीम के कोच शोर्ड मारिन (Sjoerd Marijne) ने खुद को और अपने खिलाड़ियों को लॉकडाउन के दौरान प्रेरित रखने के लिए बॉलीवुड बायोपिक्स का सहारा लिया है।

जहां दुनिया भर में एथलीटों को बिना किसी ट्रेनिंग सुविधा के साथ कैद में रहने के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है, वहीं भारतीय हॉकी खिलाड़ियों के लिए जीवन और कठिन हो गया है, जहां उन्हें भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) केंद्र के भीतर लॉकडाउन के दौरान रहना  पड़ रहा है।

इससे पहले जहां भारत के हॉकी खिलाड़ी पिछले 21 दिनों के लॉकडाउन के दौरान प्रशिक्षण कर सकते थे, वहीं अब दूसरे चरण में उन्हें अधिक एहतियाती उपाय के मद्देनज़र हॉकी फील्ड और जिम से भी दूर रखा जा रहा है।

81-एकड़ में फैले कैंप के अंदर खिलाड़ी ज्यादातर अपने समय का उपयोग खुद को व्यस्त रखने में कर रहे हैं। खिलाड़ी अपने खेल का आकलन करने के साथ साथ थोड़ा-बहुत ट्रेनिंग भी कर रहे हैं, जितना वो कर सकते हैं।

शोर्ड मारिन ने प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (PTI) को बताया कि, "हम मैरी कॉम और दंगल जैसी प्रेरक फिल्में भी देखते हैं।"

नीदरलैंड वापस जाने के बजाय भारतीय टीम के साथ रहने का फैसला करने वाले शोर्ड मारिन ने भी खुद को व्यस्त रखने के लिए एक नया शौक पाल लिया है।

शोर्ड मारिन ने आगे कहा कि, "हर किसी की तरह, मेरा भी ये मुश्किल दौर है, मै अपने परिवार के साथ नहीं हूं। मैं खुद को जितना हो सके उतना व्यस्त रखने की कोशिश करता हूं। मैं खाली समय में एक किताब लिख रहा हूं।"

उन्होंने अपनी पुस्तक के उद्देश्य के बारे में बताते हुए कहा कि, "मैं भारत में तीन- साढ़े तीन साल से हूं और कई दिलचस्प चीजें हुईं जो कोच और व्यावसायिक जीवन के लिए बहुत मददगार हो सकती हैं,"

जहां भारतीय महिला हॉकी टीम के कोच एक लेखक बनने की ओर अग्रसर हैं, वहीं भारतीय हॉकी पुरुष टीम के कोच ग्राहम रीड (Graham Reid) इस समय का उपयोग फोटोग्राफी के लिए कर रहे हैं, जिससे वो अपने शौक को फिर से जिंदा कर सकें।

भारतीय हॉकी खिलाड़ी खुद को नेटफ्लिक्स और प्लेस्टेशन में व्यस्त रख रहे हैं। फोटो सौजन्य: हॉकी इंडिया
भारतीय हॉकी खिलाड़ी खुद को नेटफ्लिक्स और प्लेस्टेशन में व्यस्त रख रहे हैं। फोटो सौजन्य: हॉकी इंडियाभारतीय हॉकी खिलाड़ी खुद को नेटफ्लिक्स और प्लेस्टेशन में व्यस्त रख रहे हैं। फोटो सौजन्य: हॉकी इंडिया

कप्तान खुद को व्यस्त रखने के लिए खेल रहे हैं फीफा

ग्राहम रीड ने टाइम्स ऑफ इंडिया से कहा कि, “मुझे तस्वीरों के साथ खेलने में मज़ा आता है। मैंने पिछले 12 महीनों में भारत में खुद को लॉकडाउन में व्यस्त रखने के लिए कुछ तस्वीरें ली हैं, लोग, वन्यजीव (भारत में) शानदार हैं।"

हालांकि, भारतीय हॉकी पुरुष टीम के कप्तान मनप्रीत सिंह (Manpreet Singh) इस दौर में खुद को व्यस्त रखने के लिए जो कुछ भी सुविधाएँ कैंप के अंदर मिल सकती हैं उसका सदुपयोग कर रहे हैं।

"मनप्रीत सिंह ने हिंदुस्तान टाइम्स से कहा कि, "अपने खाली समय के दौरान खुद को व्यस्त रखने के लिए, मुझे अपने प्लेस्टेशन पर फीफा और कॉल ऑफ ड्यूटी (COD) वीडियो गेम खेलने में मजा आता है और हम अंत में बहुत कुछ सुनते हैं। मैं नेटफ्लिक्स भी देख रहा हूं, जहां इन दिनों मैं द ब्लैकलिस्ट का मज़ा ले रहा हूं।"

भारतीय हॉकी टीम के स्ट्राइकर मनदीप सिंह (Mandeep Singh ) ने अपना समय बिताने के लिए अधिक उपयोगी तरीका खोजा है।

अपने ट्रेनिंग के अलावा, एथलीट अपने अंग्रेजी में बातचीत के स्किल में सुधार के लिए छोटी क्लिप देखने और पढ़ने के लिए समय दे रहे हैं।

मंदीप सिंह ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि, “हमने और अधिक पढ़ना शुरू कर दिया है, जो इस वक्त के लिए सबसे अच्छी बात है। मैंने कुछ अच्छी किताबें चुनी हैं और हेयड (टीम विश्लेषक क्रिस सिरिएलो की पत्नी) की डिसटेंस कम्युनिकेशन क्लास लेता हूं, जो ऑस्ट्रेलिया में एक शिक्षक है।”

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