भारतीय वुमेंस हॉकी टीम के कोच मारिजने टोक्यो ओलंपिक के शेड्यूल से उत्साहित

जहां भारतीय मेंस हॉकी टीम टोक्यो 2020 की शुरुआत न्यूज़ीलैंड के खिलाफ करेगी, वहीं वुमेंस टीम नीदरलैंड के खिलाफ अपना आगाज़ करेगी।

भारतीय मेंस और वुमेंस हॉकी के ओलंपिक गेम्स का शेड्यूल आ गया है और पूरे खेमे में इस ख़बर से खुशी का माहौल है।

लगभग 4 दशक से मेडल के बिना लौट रही पुरुष टीम अपना पहला मुकाबला न्यूज़ीलैंड के खिलाफ 24 जुलाई 2021 को खेलेगी और जीत की पूरी कोशिश करेगी। यह तो बात रही मनप्रीत सिंह (Manpreet Singh) के दल की और अब बात करते हैं रानी रामपाल (Rani Rampal) के नेतृत्व वाली महिला हॉकी टीम की और वह भी उसी दिन वर्ल्ड नंबर-1 नीदरलैंड के खिलाफ मैदान में उतरेगी।

भारतीय मेंस हॉकी टीम को पूल-ए में जगह मिली है, जहां उनके साथ ऑस्ट्रेलिया, अर्जेंटीना, स्पेन, न्यूज़ीलैंड और मेज़बान जापान होंगे। वहीं दूसरी ओर भारतीय वूमेंस हॉकी टीम के पूल में बेल्जियम, नीदरलैंड, जर्मनी, ग्रेट ब्रिटेन, आयरलैंड और साउथ अफ्रीका जैसी बड़ी टीमें हैं।

ग़ौरतलब है कि टोक्यो 2020 में हॉकी पहले 25 जुलाई से 7 अगस्त तक खेली जानी थी। मुकाबलों को टोक्यो के ओई स्टेडियम में रखा गया था।

इंटरनेशनल हॉकी फ़ेडरेशन के एक स्टेटमेंट में कहा गया, “वैसे तो हॉकी की लोकेशन और शेड्यूल में ज़्यादा अंतर नहीं है और अब मुक़ाबले 24 जुलाई से 6 अगस्त, 2021 तक खेले जाएंगे।

लय में भारतीय महिला हॉकी टीम

नीदरलैंड के खिलाफ खेलने के बाद भारतीय टीम का मुकाबला 26 जुलाई को जर्मनी से होगा और उसके बाद 28 जुलाई को ग्रेट ब्रिटेन के खिलाफ यही टीम मैंदान में उतरेगी। इसके बाद भारतीय हॉकी टीम आयरलैंड के खिलाफ 30 जुलाई को खेलेगी और उसके बाद 31 जुलाई को साउथ अफ्रीका के खिलाफ अपनी रणनीति बनाकर मैदान का रुख करेगी।

भारतीय वुमेंस हॉकी के कोच शोर्ड मरिन प्रतियोगिता के लिए उत्सुक  
भारतीय वुमेंस हॉकी के कोच शोर्ड मरिन प्रतियोगिता के लिए उत्सुक  भारतीय वुमेंस हॉकी के कोच शोर्ड मरिन प्रतियोगिता के लिए उत्सुक  

भारतीय महिला हॉकी टीम शोर्ड मारिजने (Sjoerd Marijne) की कोचिंग में निखर कर बाहर आई है और उम्मीद की जा सकती है कि टोक्यो 2020 में भी वह काबिले तारीफ़ प्रदर्शन करेगी। यूएसए को 6-5 (एग्रीगेट) से हारने के बाद टोक्यो ओलंपिक में क्वालिफाई किया और उसके बाद न्यूज़ीलैंड के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करने के बाद इस टीम का मनोबल बहुत ऊंचा है।

रानी रामपाल समेत पूरी टीम लॉकडाउन के समय स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया में फंस गई थी और राहत की बात यह है कि अब सभी खिलाड़ी अपने-अपने घर पर पहुंच चुके हैं।

शोर्ड मारिजने ने ओलंपिक चैनल से बातचीत के दौरान कहा, “हम टोक्यो ओलंपिक गेम्स की शुरुआत करने के लिए उत्सुक हैं। वैसे तो हम अपना कारवां वर्ल्ड नंबर के खिलाफ शुरू करेंगे, लेकिन इस बात से इतना फर्क नहीं पड़ता कि हम किस टीम के खिलाफ खेल रहे हैं।”

वहीं दूसरी ओर ग्राहम रीड (Graham Reid) ने भारतीय पुरुष हॉकी की कमान अपने हाथ में ली हुई है और समय के साथ वह इस टीम को बेहतर करते जा रहे हैं।

रूस के खिलाफ 11-3 के एग्रीगेट स्कोर से जीतने के बाद पुरुष टीम ने टोक्यो 2020 के लिए क्वालिफाई किया था और अब वह जापान में जाकर अपने खेल का प्रदर्शन करते नज़र आएंगे। इतना ही नहीं मनप्रीत सिंह की अगुवाई में इस टीम ने एफआईएच प्रो लीग में ऑस्ट्रेलिया, बेल्जियम और नीदरलैंड जैसी बड़ी टीमों को मात दी थी।

8 बार की ओलंपिक चैंपियन ऑस्ट्रेलिया भी भारत के ही पूल में है और भारतीय टीम का सामना उनसे 25 जुलाई को होगा। इसके बाद भारतीय मेंस हॉकी टीम स्पेन के खिलाफ 27 जुलाई को भिड़ती नज़र आएगी और उसके बाद टीम 29 जुलाई को अर्जेंटीना के खिलाफ मैदान में उतरेगी। पूल का आखिरी मुकाबला भारतीय टीम जापान के खिलाफ 30 जुलाई को खेलेगी।

मेंस और वूमेंस में टॉप 4 टीमें क्वार्टर-फाइनल के लिए आगे जाएंगी और अपने प्रदर्शन को जारी रखेंगी। मेंस क्वार्टर-फाइनल, सेमी-फाइनल और फाइनल 1, 3 और 5 अगस्त को खेला जाएगा और वूमेंस टीम के यही मुकाबले 2, 4 और 6 अगस्त को खेले जाएंगे।

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