ग्रैंड स्लैम हंगरी में जल्द ही खत्म हुई भारतीय जूडो चुनौती

भारत की अंतिम दो उम्मीदें अवतार सिंह और ओलंपियन तूलिका मान दोनों दूसरे राउंड में अपनी बाउट हार गए।

लेखक रितेश जायसवाल ·

रविवार को बुडापेस्ट में जूडो ग्रैंड स्लैम हंगरी में बची भारत की अंतिम दो चुनौतियां अवतार सिंह (Avtar Singh) और तूलिका मान (Tulika Mann) भी हारकर बाहर हो गए। शुक्रवार को पहले दौर के मैच में लिक्माबाम शुशीला देवी (Likmabam Shushila Devi) (48 किग्रा), विजय कुमार यादव (Vijay Kumar Yadav) (60 किग्रा) और जसलीन सिंह सैनी (Jasleen Singh Saini) (66 किग्रा) हारकर बाहर हो गईं। इस इवेंट में कोच जिवान शर्मा (Jiwan Sharma) के सानिध्य में पांच जूडोका शामिल हुए थे।

पहले राउंड में बाई मिलने के बाद रियो 2016 ओलंपियन अवतार सिंह पुरुषों के अंडर-100 किलोग्राम श्रेणी में 2018 यूरोपीय चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता और इज़राइल के पूर्व नंबर-1 पीटर पाल्चिक (Peter Paltchik) से हार गए।

विश्व नंबर 60 अवतार सिंह ने शुरुआत अच्छी की और गलत अटैक के चलते शीदो पेनाल्टी हासिल की। हालांकि दोनों में पाल्चिक को सबसे तेज़ देखा गया और तेजी से आक्रामक होते हुए उन्होंने तकनीकी वाज़ा-अरी (आधा अंक) जीता।

इसके अलावा पाल्चिक, अवतार सिंह के हमलों से बचने में भी सफल रहे और जल्द ही भारतीय जुडोका ने अपना दूसरा वाज़ा-अरी हासिल कर लिया। जिससे यह एक इप्पॉन (पूर्ण-अंक) हो गया और उसे एक आसान जीत मिल गई।

हालांकि, पाल्चिक अंडर-100 किग्रा वर्ग में पूल-ए नहीं जीत सके, क्योंकि वह बेल्जियम के तोमा निकिफोरोव से हार गए। अंततः निकिफोरोव पूल-ए के विजेता के तौर पर अंडर-100 किलोग्राम के फाइनल में पहुंचे।

दूसरी भारतीय उम्मीद और 2018 यूरोपीय चैंपियनशिप की कांस्य-पदक विजेता तूलिका मान भी महिलाओं के 78+ किग्रा वर्ग में यूक्रेन की येलीज़ेवेट्टा कालनिना (Yelyzaveta Kalanina) से हार गईं।

पहले दौर में बाई हासिल करने वाली वर्ल्ड नंबर 59 तूलिका मान को मुक़ाबला न करने के लिए दो शीदो से दंडित किया गया। हालांकि, भारतीय जुडोका कलिना के खिलाफ महज़ 10 मिनट ही टिक सकीं।

यूक्रेनी खिलाड़ी ने अंत में बेहतर सहनशक्ति का प्रदर्शन किया और मान को हराने के लिए वाज़ा अरी हासिल कर 78+ किग्रा वर्ग के पूल ए में आगे बढ़त हासिल कर ली।