कोरोना वायरस के कारण भारतीय जूडो टीम ने एशियन मीट से नाम लिया वापस, ओलंपिक के सपनों पर भी हैं खतरे के बादल 

दो जूडोकाओं को कोरोना पॉजिटिव पाया गया है और ऐसे में पूरी भारतीय टीम को वहीं पर क्वारंटाइन में रहने की हिदायत दी गई है।

लेखक जतिन ऋषि राज ·

बिश्केक, किर्गिज़स्तान में चल रहेएशिया-ओशिनिया जूडो चैंपियनशिप 2021 (Asia-Oceania Judo Championships 2021) में भारतीय टीम को बड़ा झटका लग गया है। पूरी भारतीय टीम को इस प्रतियोगिता से अपना नाम वापस लेना पड़ा।

दो जुडोकाओं के संक्रमित होने के कारण पूरी टीम के होटल में भी जांच की गई और सभी को नियमों का पालन करना पड़ा और अब उन्हें वहीं पर क्वारंटाइन करने के लिए बोला गया है।

बिश्केक जाने से पहले भारतीय जूडो टीम स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (Sports Authority of India – SAI), भोपाल में 3 अप्रैल तक ट्रेनिंग कर रहे थे। वहीं 4 अप्रैल को SAI में 18 कोरोना पॉजिटिव लोग पाए गए थे और साथ ही उसके अगले दिन 4 नए केस भी इस फेहरिस्त में जुड़ गए थे।

इसी बीच भारतीय टीम ने भारत में ही 3 बार अपना टेस्ट कराया था और एक बार किर्गिज़स्तान में पहुंचकर भी। पूरे दौर में भारतीय खेमे में कोरोना वायरस की कोई हलचल महसूस नहीं हुई लेकिन पांचवें टेस्ट के बाद होटल में एक जूडोका को पॉजिटिव पाया गया था।

SAI ने एक स्टेटमेंट के ज़रिए बताया कि “खिलाड़ी होटल में सुरक्षित हैं और उनकी दैनिक आवश्यकताओं का भी ध्यान रखा जा रहा है। इसी बीच स्पोर्ट्स मिनिस्ट्री, मिनिस्ट्री ऑफ़ एक्सटर्नल अफेयर्स से बातचीत कर खिलाड़ियों को सुरक्षित घर लाने का प्लान कर रही है।” 

एशिया-ओशिनिया जूडो चैंपियनशिप में 17 भारतीय जूडो एथलीट हिस्सा ले रहे थे जिनमें रियो ओलंपिक गेम्स में भाग लेने वाले अवतार सिंह (Avtar Singh).का नाम भी शामिल है।

ओलंपिक क्वालिफिकेशन के लिए वर्ल्ड रैंकिंग बेहद अहम है और ऐसे में इस कॉन्टिनेंटल मीट को भारतीय खेमा कुछ रैंकिंग पॉइंट्स हासिल करने के रूप में देख रहा था ताकि वह 28 जून से पहले टोक्यो 2020 का कट हासिल कर सकें।

जूडो फेडरेशन ऑफ़ इंडिया (Judo Federation of India - JFI) अब भारतीय जुडोकाओं को मई के महीने में रूस में होने वाले कज़ान ग्रैंड स्लैम में भेजने का मन बना रही है। साथ ही जून में हंगरी में होने वली वर्ल्ड चैंपियनशिप में भी भारतीय टीम को देखा जा सकता है।