तेल अवीव ग्रैंड स्लैम 2021: तीन भारतीय जुडोका शुरूआती दौर में हारकर हुए बाहर

इज़राइल में आयोजित तेल अवीव ग्रैंड स्लैम जूडो प्रतियोगिता का उद्घाटन दिन भारतीय जुडोका के लिए निराशाजनक रहा। ओलंपियन अवतार सिंह दूसरे दिन एक्शन में होंगे।

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

भारतीय जुडोका जसलीन सिंह सैनी (Jasleen Singh Saini), विजय कुमार यादव (Vijay Kumar Yadav) और शुशीला देवी (Shushila Devi) गुरुवार को तेल अवीव ग्रैंड स्लैम में अपने संबंधित वर्गों से आगे बढ़ने में असफल रहे।

इंटरनेशनल जूडो फेडरेशन (International Judo Federation) के वर्ल्ड टूर इवेंट का हिस्सा है ये टूर्नामेंट। ऐसे में इस टूर्नामेंट से हासिल किए गए अंक इस साल के अंत में टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालिफिकेशन में मदद करेंगे।

विजय कुमार यादव पहले भारतीय थे जिन्होंने पुरुषों के अंडर 60 किग्रा वर्ग में शुरुआती दिन जूडो मैट पर उतरे। उन्हें पूल ए में रखा गया था।

अपने डिवीजन में दुनिया के 69 वें स्थान पर मौजूद 24 वर्षीय विजय कुमार यादव ने दिन की शुरुआत इज़राइली प्रतियोगी एडम जज़ान (Adam Jazan) पर जीत के साथ की।

भारतीय जूडोका 18 साल के जज़ान के खिलाफ शुरू से ही आक्रामक थे, लेकिन उन्हें दो शिडोस मिला, जो मामूली उल्लंघन के लिए जूडो में सबसे कम पेनल्टी होती है।

उनको पता था कि वो हांसोकू हसालि कर लेंगे, उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ अपनी आक्रामकता को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाया और बाउट के बीच में एक वाजा-अरी (आधा-अंक) हासिल किया।

विजय यादव ने जीत हासिल करने के लिए जज़ान के आक्रमण को भेदा और दूसरे राउंड में आगे बढ़ने के लिए अच्छा प्रदर्शन किया।

2015 के जूनियर यूरोपीय कप विजेता, अजरबैजान के दावूद ममदसोई से हारने के बाद यादव का रन वहाँ समाप्त हो गया।

दो शुरुआती शिदो हासिल करने के बावजूद, भारतीय ने दुनिया के 50 वें नंबर के जुडोका के खिलाफ बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश की लेनि वो हार गए और टूर्नामेंट से बाहर हो गए।

ये विजय कुमार यादव की दाउद ममदसोई के खिलाफ लगातार दूसरी हार हुई थी। भारतीय जुडोका को अक्टूबर महीने में हुए ग्रैंड स्लैम हंगरी के शुरुआती दौर में अजरबैजानी जुडोका के खिलाफ हार मिली थी।

पूल ए में पुरुषों के अंडर 66 किग्रा में दुनिया के 57वें नंबर के जसलीन सिंह सैनी का अभियान इज़राइली जुडोका और दुनिया के पांचवे नंबर के बरूच श्मेलोव के खिलाफ तीसरे दौर में हार के बाद समाप्त हो गया।

पहले राउंड में बाई मिलने के बाद, जसलीन ने स्पैनिस जुडोका रोमन पेरेस को अंतिम समय में इप्पन के साथ वजा-एरी स्कोर से पीछे कर दिया।

अगले दौर में भारतीय ने बारूक के साथ अच्छा मुक़ाबला किया, जिन्होंने हाल ही में हुए दोहा मास्टर्स में रजत पदक जीता था। दोनों शिडोस पर थे और अंतिम मिनट में दोनों जुडोका के बीच किसी एक को चुनना मुश्किल था।

हालांकि, 1 मिनट और 14 सेकंड शेष रहने पर, जसलीन के एक गलत कदम की वजह से बारूक को फायदा मिला, जिसने एक इप्पन (पूरा अंक) हासिल किया और तुरंत मुकाबला जीत लिया।

शुशीला देवी महिलाओं के अंडर -48 किग्रा में शुरुआती दिन में मैट पर उतरने वाली एकमात्र भारतीय महिला जूडोका थीं। पूल सी में उनका सामना पुर्तगाल की मारिया सिडरोट से हुआ।

मैच का निर्धारित समय समाप्त हो गया, गोल्डन स्कोर का  समय बढ़ाया गया, जहां स्कोर करने वाला पहला प्रतियोगी बाउट जीत जाता है।

इस समय में दो शीडो लेने के बाद जोखिम भरे हमलों के लिए शुशीला के जीत के अवसर कम हो गए। सिडेरोट ने अतिरिक्त समय में एक वाज़ा अरी हासिल किया और अगले दौर में प्रवेश कर लिया। इस तरह शुशीला देवी का सफर भी समाप्त हो गया।

पुरुषों के 100 किग्रा में ओलंपियन अवतार सिंह (Avtar Singh), और महिलाओं के 78 किग्रा में तूलिका मान (Tulika Mann), सिर्फ दो भारतीय हैं जो अभी भी प्रतियोगिता में शेष हैं और शुक्रवार को एक्शन में नज़र आएंगे।