अंजुम मोदगिल ने एयर राइफल के लिए शुरू की कड़ी ट्रेनिंग, कोच ने किया खुलासा

अंजुम मोदगिल ने एयर राइफल में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन पिछले साल ISSF म्यूनिख और बीजिंग वर्ल्ड कप में मिश्रित टीम में किया, जहां उन्होंने हर एक इवेंट में गोल्ड मेडल जीता था।

भारत की 50 मीटर राइफल 3 की शूटिंग स्टार अंजुम मोदगिल (Anjum Moudgil) ने दक्षिण कोरिया के चांगवोन में हुए 2018 वर्ल्ड चैंपियनशिप के दौरान इस प्रतियोगिता में ओलंपिक कोटा हासिल करने के बाद 10 मीटर एयर राइफल के लिए कड़ी ट्रेनिंग शुरू कर दी है।

चंडीगढ़ में जन्मी इस निशानेबाज़ ने दो साल पहले विश्व चैंपियनशिप में फाइनल में 248.4 अंक हासिल करते हुए 628.7 के अंतिम स्कोर के साथ अपने प्रदर्शन को समाप्त किया। यह काफी प्रभावशाली था, क्योंकि 10 मीटर एयर राइफल उनका प्रमुख इवेंट नहीं था।

उनकी कोच दीपाली देशपांडे (Deepali Deshpande) ने कहा कि 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में 26 वर्षीय विश्व नंबर-4 निशानेबाज़ अब गंभीरता से इसके लिए प्रशिक्षण ले रही हैं। इसके साथ ही वह टोक्यो ओलंपिक से पहले अपने प्रमुख इवेंट के लिए भी बराबरी से तैयारी कर रही हैं।

दीपाली देशपांडे ने द इंडियन एक्सप्रेस को बताया, “वह हर मामले में बेहतर है। 3P मोदगिल का प्रमुख इवेंट है, क्योंकि उसमें वह लंबे समय से प्रशिक्षण ले रहीं थीं। कोटा हासिल करने के बाद हम केवल एयर राइफल को गंभीरता से ले रहे हैं।”

पूर्व अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज़ ने आगे कहा, “इससे पहले उसकी बुनियादी तकनीक अच्छी थी, लेकिन इवेंट हमेशा प्रदर्शन करने का एक ज़रिया होता है। उसने इसके बारे में तब ज्यादा नहीं सोचा था। ओलंपिक कोई मज़ाक नहीं है, इसलिए हमने एयर राइफल पर अधिक गंभीरता से प्रशिक्षण शुरू कर दिया है।”

2018 विश्व चैंपियनशिप के अलावा अंजुम मोदगिल गुआडल्जारा में 2018 ISSF विश्व कप और रियो डी जनेरियो में 2019 ISSF विश्व कप में 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में क्रमशः चौथे और छठे स्थान पर रहीं। इन दोनों ही टूर्नामेंट में वह पदक जीतने के बहुत करीब रहीं।

दीपाली देशपांडे ने कहा कि अंजुम मोदगिल इस वक्त सिर्फ एयर राइफल पर दे रहीं ध्यान। तस्वीर साभार: आईएसएसएफ
दीपाली देशपांडे ने कहा कि अंजुम मोदगिल इस वक्त सिर्फ एयर राइफल पर दे रहीं ध्यान। तस्वीर साभार: आईएसएसएफदीपाली देशपांडे ने कहा कि अंजुम मोदगिल इस वक्त सिर्फ एयर राइफल पर दे रहीं ध्यान। तस्वीर साभार: आईएसएसएफ

फिलहाल अंजुम मोदगिल देशभर में लागू लॉकडाउन की वजह से अपने ही घर में हैं। दीपाली देशपांडे कहती हैं कि इस समय शूटर के पास अपने एयर राइफल कौशल को बेहतर करने के अलावा दूसरा कोई विकल्प नहीं है।

उन्होंने कहा, '' हमने बहुत सारे विकल्प तैयार किए हैं और हम तैयार हैं। अब हमारे पास समय है और वह घर में है, जहां वह केवल एयर राइफल के लिए प्रशिक्षण ले सकती है। हम इस समय का उपयोग एयर राइफल पर अधिक काम करने के लिए करेंगे।”

अंजुम मोदगिल को मिलेगी कड़ी टक्कर

एयर राइफल में अंजुम मोदगिल का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन ISSF म्यूनिख और बीजिंग विश्व कप में मिश्रित टीम में आया, जहां उन्होंने हर एक स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता था। हालांकि, 10 मीटर एयर राइफल व्यक्तिगत स्पर्धा में उनको कड़ी टक्कर मिली।

इस प्रतियोगिता में उनकी सबसे बड़ी प्रतिद्वंदी हमवतन एलवेनिल वलारिवन (Elavenil Valarivan) होंगी। 20 वर्षीय शूटिंग सनसनी और महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में वर्तमान विश्व नंबर-1 पहले ही तीन ISSF विश्व कप - 2018 सिडनी, 2019 रियो डी जेनेरो और 2019 पुतियान जीत चुकी हैं।

अंजुम मोदगिल के लिए एक और बड़ी प्रतिद्वंदी अनुभवी अपूर्वी चंदेला (Apurvi Chandela) होंगी। ओलंपियन ने पिछले साल ISSF म्यूनिख और नई दिल्ली विश्व कप में 10 मीटर एयर राइफल व्यक्तिगत स्पर्धा में दो स्वर्ण पदक जीते थे और वर्तमान में विश्व रैंकिंग में सातवें स्थान पर काबिज़ हैं।

अंजुम मौदगिल और अपूर्वी चंदेला उन भारतीय निशानेबाज़ों में शुमार रहीं, जिन्होंने देश के लिए सबसे पहले ओलंपिक कोटा हासिल किया था। भारत ने अब तक टोक्यो ओलंपिक के लिए निशानेबाज़ी में 15 कोटा हासिल किए हैं।

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