करियर की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग हासिल करने वाली भारतीय पैडलर सुतीर्था मुखर्जी का लक्ष्य है टॉप 50 में जगह बनाना

दुनिया की 95वें नंबर की खिलाड़ी बनने के बाद भारतीय पैडलर टोक्यो गेम्स में सिंगल्स के लिए टिकट हासिल करने की संभावनाओं के बारे में आश्वस्त हैं।

दुनिया में खुद को एक नए व्यक्तिगत पैडलर के रूप में स्थापित करने के बाद, 95वें नंबर की सुतीर्था मुखर्जी (Sutirtha Mukherjee) पहली बार खुद को टॉप 100 खिलाड़ियों में शामिल करने में कामयाब हुई हैं। आपको बता दें कि वो अपने करियर में पहली बार अंतरराष्ट्रीय टेबल टेनिस महासंघ (ITTF) की विश्व रैंकिंग में शीर्ष 100 में सेंध लगाने में सफल रही हैं।

कोलकाता की इस 24 वर्षीय पैडलर ने ताज़ा जारी ITTF रैंकिंग में 14 पायदान की छलांग लगाई है, जबकि अचंता शरत कमल (Achanta Sharath Kamal) सबसे उच्च रैंकिंग वाले भारतीय टेबल टेनिस खिलाड़ी के रूप में उभरे हैं।

करियर की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग हासिल करने वाली भारतीय पैडलर सुतीर्था मुखर्जी ITTF रैंकिंग में 95वें स्थान पर पहुंचीं 
करियर की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग हासिल करने वाली भारतीय पैडलर सुतीर्था मुखर्जी ITTF रैंकिंग में 95वें स्थान पर पहुंचीं करियर की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग हासिल करने वाली भारतीय पैडलर सुतीर्था मुखर्जी ITTF रैंकिंग में 95वें स्थान पर पहुंचीं 

सुतीर्था मुखर्जी ने स्पोर्टस्टार को बताया कि, "मुझे (टॉप 100 में जगह बनाकर) बहुत अच्छा लग रहा है। मैं अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में काफी पीछे थी और शुरुआत में मेरा उद्देश्य इस बाधा (टॉप 100 रैंकिंग) को तोड़ना था और आखिरकार मैं ये हासिल करके काफी खुश हूं।”

“मैं वास्तव में अच्छा खेल रही हूं। मेरा अगला टारगेट शीर्ष -50 में प्रवेश करना है। मैं इसे एक-एक कर के करने की कोशिश कर रही हूं। मुझे हर दिन कड़ी मेहनत और बेहतर खेल जारी रखना होगा। शीर्ष 50 में जगह बनाना, सिर्फ कहना आसान है करना बहुत मुश्किल है।”

इस भारतीय टेबल टेनिस खिलाड़ी ने आगे कहा कि, "मुझे (प्रो टूर पर) बेहतर प्रदर्शन करना होगा और अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट के बाद के चरणों में आगे बढ़ना होगा।"

उन्होंने आगे कहा कि, “अब, आप जितने अधिक राउंड जीतते हैं, उतने अधिक अंक प्राप्त करते हैं। जो लोग अपनी रैंकिंग को काफी ऊपर ले जाना चाहते हैं उन्हें ज्यादा से ज्यादा खेलने की जरूरत है क्योंकि इसमें भागीदारी के लिए भी कुछ अंक मिलते हैं।”

टोक्यो ओलंपिक पर हैं निगाहें

भारत की सर्वश्रेष्ठ रैंक वाली महिला खिलाडी मनिका बत्रा (Manika Batra) अभी 63वें स्थान पर हैं, जबकि ITTF शीर्ष 100 में जगह बनाने वाली सुतीर्था मुखर्जी वर्तमान में भारत की दूसरी सर्वश्रेष्ठ महिला टेबल टेनिस खिलाड़ी हैं।

लेकिन वह उस भारतीय महिलाओं की टीम का भी हिस्सा थीं, जो ओलंपिक के लिए विश्व टीम क्वालिफिकेशन इवेंट से बाहर हो गई थी।

उन्होंने कहा कि वह अप्रैल में होने वाले क्वालिफिकेशन इवेंट में ओलंपिक के लिए सिंगल्स बर्थ हासिल करने को लेकर आश्वस्त थीं, जिसे कोरोना वायरस (COVID-19) महामारी के कारण स्थगित करना पड़ा था।

उसने दावा किया कि, "मेरे पास क्वालिफिकेश हासिल करने का एक बहुत मजबूत मौका था, मैं अच्छी फॉर्म में थी लेकिन हम कुछ कर न सकें।"

हालाँकि, सुतीर्था मुखर्जी ओलंपिक क्वालिफिकेशन के संबंध में अपेक्षाओं को ध्यान में रखते हुए सावधानी भी बरत रही हैं।

2018 कॉमनवेल्थ गेम्स की इस स्वर्ण पदक विजेता ने कहा, "लोग इसकी उम्मीद करेंगे क्योंकि हम यहां ओलंपिक के बारे में बात कर रहे हैं। लेकिन दबाव महसूस न करना और अपने खेल पर अधिक ध्यान केंद्रित करना बेहतर है।"

गुरुवार को ITTF ने घोषणा की थी कि टोक्यो ओलंपिक और पैरालिंपिक के लिए सभी महाद्वीपीय क्वालिफिकेशन इवेंट्स, जो शुरू में इस साल अप्रैल से मई के बीच आयोजित होने थे, उन्हें 2021 तक पुनर्निर्धारित कर दिया गया है।

ITTF ने भी जून के अंत तक सभी इवेंटस् को रद्द कर दिया था।

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