क्रोएशिया के खिलाफ हार के बाद डेविस कप से बाहर हुआ भारत

अनुभवी जोड़ी लिएंडर पेस और रोहन बोपन्ना ने जीत दर्ज कर देश को कुछ आशा दी लेकिन मारिन सिलिच ने भारतीय फैंस का सपना तोड़ दिया

लेखक लक्ष्य शर्मा ·

भारतीय टेनिस टीम शनिवार को क्रोएशिया के खिलाफ 1-3 से हारकर डेविस कप से बाहर हो गई है। लिएंडर पेस (Leander Paes) और रोहन बोपन्ना ( Rohan Bopanna ) की जोड़ी ने युगल मुकाबले में जीत दर्ज की लेकिन सुमित नागल (Sumit Nagal) को मारिन सिलिच (Marin Cilic) के हाथों हार का सामना करना पड़ा। अब भारतीय टीम को डेविस कप फाइनल की जगह वर्ल्ड ग्रुप I में खेलना पड़ेगा।

लिएंडर पेस और रोहन बोपन्ना ने टीम को लड़ने का एक और मौका दिलाया था। इन दोनों अनुभवी खिलाड़ियों ने मेट पैविक (Mate Pavic) और फ्रेंको स्कुगोर (Franko Skugor) की चुनौती को समाप्त करते हुए 3-6, 6-7 (9), 7-5 से जीत हासिल की। इस दौरान इन दोनों की फिटनेस और लय देखने लायक थी।

दोनों ही भारतीय जोड़ीदारों ने शानदार शुरुआत की, इन दोनों ने मेट पैविक और फ्रेंको स्कोगोर को शुरुआत से ही दबाव में रखा। बाद में क्रोएशिया ने चोटिल वर्ल्ड नंबर वन इवान डोडिग (Ivan Dodig ) को अपनी टीम में शामिल किया। उन्हें खुद की सर्विस पर एक एक अंक के लिए जूझना पड़ा।

इसका फायदा चौथे गेम में देखने को मिला जहां लिएंडर पेस और रोहन बोपन्ना ने क्रोएशिया की सर्विस को तोड़ा। इसके बाद भारतीय जोड़ी ने 4-1 की बढ़त हासिल की और अगले गेम में भी उनका प्रदर्शन शानदार रहा।

बाकी के सेट में भी भारतीय जोड़ी ने जल्दी ही विरोधी की सर्विस ब्रेक कर दी और पहला सेट केवल 26 मिनट में अपने नाम कर लिया।

दूसरे सेट में पेस और बोपन्ना ने पूरी कोशिश करके भारत को मैच जीताकर डेविस कप में बराबरी करने की कोशिश की। इल दौरान क्रोएशियाई जोड़ी भी अच्छा खेल दिखा रही थी, जिसकी वजह से गेम ड्यूस तक चला गया।

क्रोएशिया लगातार मैच में वापसी करने की कोशिश में था और उन्हें ये मौका 7वें गेम में मिला, जहां भारतीय खिलाड़ियों ने उन्हें वापसी का मौका दिया। इसके बाद पैविक और स्कुगोर ने अगले ही गेम में पेस- बोपन्ना की गलती का फायदा उठाया और सेट टाई ब्रेकर तक पहुंचा दिया।

टाई ब्रेकर के दौरान पॉइंट लगातार बदल रहे थे और भारतीय जोड़ी के पास दो ऐसे मौके आए, जब वह मैच को वहीं खत्म कर सकती थी लेकिन वह ऐसा करने में असफल रहे।

वह लगातार संघर्ष कर रहे थे और अंत में उन्होंने क्रोएशिया पर 9-10 की लीड हासिल कर ली लेकिन आखिरी वक्त पर भारतीय जोड़ी ने गलती की और मैच आखिरी सेट तक पहुंच गया।

तीसरे सेट में क्रोएशियाई जोड़ी ने अच्छा खेल दिखाया और उन्होंने भारतीय जोड़ी पर दबाव बनाकर रखा। छठे गेम तक क्रोएशियाई जोड़ी ने 4-2 की बढ़त हासिल कर ली थी।

इसके बाद भारतीय जोड़ी मे लगातार 2 गेम जीतकर एक बार फिर वापसी की। 12वें गेम तक दोनों टीमों का संघर्ष चलता रहा और मैच टाई ब्रेक तक चला गया। क्रोएशिया की जोड़ी ने डबल फॉल्ट करते हुए भारतीय जोड़ी के लिए जीत का रास्ता खोल दिया। ये रोमांचक मुकाबला 2 घंटे और 21 मिनट तक चला।

माारिन सिलिच के सुमित नागल को मिली हार

भारतीय टेनिस टीम के लिए डेविस कप में वापसी करने की उत्सुकता केवल लगभग एक घंटे तक रही। सुमित नागल को 2014 यूएस ओपन विजेता मारिन सिलिक के खिलाफ 0-6, 1-6 से हार झेलनी पड़ी

सुमित नागल, जो हाल ही में वर्ल्ड रैंकिंग में 127वें स्थान पर पहुंचे हैं, उन्हें भारत के सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग वाले खिलाड़ी प्रजीनेश गुणेश्वरन (Prajnesh Gunneswaran) से पहले मौका दिया गया, जहां उन्होंने मैच का पहला पॉइंट जीता।

इसके बाद क्रोएशिया स्टार खिलाड़ी ने शानदार वापसी करते हुए सुमित को पहले सेट में कोई मौका ही नहीं दिया। सुमित को हर पॉइंट के लिए संघर्ष करना पड़ा रहा था। हालात ये थे कि सुमित ने कई ब्रेक पॉइंट भी बचाए, इसके बावजूद उन्हें पहले सेट में केवल 30 मिनट में हार झेलनी पड़ी।

दो सेट के बीच ब्रेक भी इस भारतीय खिलाड़ी के लिए फायदेमंद साबित नहीं हुआ। ये खिलाड़ी पूर्व नंबर 3 खिलाड़ी के आगे आसानी से घुटने टेक रहा था। दूसरे सेट में भी सिलिच ने सुमित को कोई मौका नहीं दिया।

मारिन सिलिच की रणनीति थी कि वह गेंद को विरोधी के कोर्ट के अंदर (लाइन के करी) ही रखे और इसके बाद सुमित नागल की गलतियों के कारण वह लगातार पॉइंट लेते रहे।

इस भारतीय खिलाड़ी को दूसरे सेट के छठे गेम में अपना पहला गेम जीतने का मौका मिला लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। इसके बाद सिलिच ने मैच जीतकर अपनी टीम को फाइनल में पहुंचा दिया।