कोरोना वायरस मज़ाक नहीं: जानिए कोरोना से रिकवरी पर सानिया मिर्ज़ा ने क्या कहा

सानिया मिर्ज़ा ने बताया कि वो कोरोना वायरस की चपेट में आई थी और आइसोलेशन में अपने परिवार के बिना और दो साल के बच्चे के साथ रहना बहुत मुश्किल होता है।

लेखक जतिन ऋषि राज ·

सानिया मिर्ज़ ने खुलासा किया है कि न्यू ईयर के समय पर वह कोरोना पॉजिटिव (COVID Positive) थीं और अब वह पूरी तरह से स्वस्थ और हेल्थी हैं।

मंगलवार को एक भावनात्मक इंस्टाग्राम पोस्ट के ज़रिए मिर्ज़ा ने ज़ाहिर किया था कि उन्हें प्रमुख लक्षण नहीं थे लेकिन परिवार के बिना आइसोलेशन में रहना उनके लिए काफी कठिन साबित हुआ और तो और दो साल के बेटे इज्हान के साथ यह और बड़ी चुनौती बन गई।

इन्स्टाग्राम पोस्ट पर सानिया मिर्ज़ा ने कहा “यह डरावना होता है और आपको पता नहीं होता कि क्या होगा और साथ ही आपको बहुत सी बातें और कहानियां बताई जाती हैं। आपको हर दिन एक नया लक्षण दिखता है और उससे लड़ना बेहद मुश्किल हो जाता है। इसे न सिर्फ शारीरिक तौर से संभालना मुश्किल होता है बल्कि मानसिक और भावनात्मक रूप से भी यह कठिन है।”

पिछले साल से अब तक बहुत से भारतीय खिलाड़ी कोरोना से पॉजिटिव हो चुके हैं जिनमें विनेश फोगाट (Vinesh Phogat), साइना नेहवाल (Saina Nehwal), परुपाली कश्यप (Parupalli Kashyap), एचएस प्रणॉय (HS Prannoy), और सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी (Satwiksairaj Rankireddy) का नाम आता है।

ओलंपिक मेडल विजेता साइना नेहवाल और उनके पति परुपाली कश्यप और एचएस प्रणॉय को योनेक्स थाईलैंड ओपन के दौरान भी कुछ दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। टेस्ट के बाद नेहवाल और प्रणॉय को प्रतियोगिता से अपना नाम वापस लेने के लिए बोल दिया गया था और साथ ही कश्यप को भी यही करने के लिए कहा गया था।

इन सभी खिलाड़ियों को दूसरे टेस्ट के बाद ही खेलने की अनुमति दी गई थी और वह भी तक जब इनका दूसरा टेस्ट नेगेटिव था।

शटलर एचएस प्रणॉय ने मानसिक चुनौतियों के बारे में भी बताया और साथ यह भी ज़ाहिर किया कि दवाईयों की वजह से कमजोरी का भी सामना करना पड़ता है।

ESPN से बात करते हुए एचएस प्रणॉय ने कहा “आप हो हफ़्तों के लिए बहुत स्ट्रेस में रेटे हैं क्योंकि आपको पता नहीं होता कि आपको क्या करना है और क्या नहीं और साथ ही डॉक्टर भी आपको कुछ नहीं बताते हैं।”

“मुझे अपने रिबकेज में एक अजीब तरह का दर्द था लेकिन एक्स-रे और एमआरआई में सब ठीक था इसके साइड इफ़ेक्ट भी होते हैं और दवाइयों की वजह से आपका शरीर भी कमज़ोर हो जाता है।”