ITF ने टोक्यो ओलंपिक के लिए नई क्वालिफ़िकेशन की तारीखों का किया ऐलान

भारत के स्टार टेनिस खिलाड़ी रोहन बोपन्ना और दिविज शरण को हुआ फ़ायदा, अपनी लय सुधारने के लिए दोनों के पास होगा अतिरिक्त समय

अगले साल टोक्यो ओलंपिक के लिए टेनिस एंट्री 7 जून, 2021 तक की रैंकिंग के आधार पर तय होगी। मंगलवार को अंतर्राष्ट्रीय टेनिस महासंघ (आईटीएफ) ने इसकी घोषणा कर जानकारी दी।

पहले इसके लिए इस साल की 8 जून तक की तारीख तय की गई थी लेकिन कोरोना वायरस (COVID-19) महामारी के के कारण टोक्यो ओलंपिक को एक साल के लिए स्थगित करना पड़ा, जिसके बाद अंतर्राष्ट्रीय टेनिस संघ (ITF) ने भी ये फैसला लिया।

हालांकि अभी भी स्पष्ट नहीं है कि एसोसिएशन ऑफ टेनिस प्लेयर (Association of Tennis Players) और वुमेंस टेनिस एसोसिएशन (Women’s Tennis Association) इस सीजन को फिर से कब शुरू करेंगे। इसके अलावा अभी ये भी नहीं पता है कि भारतीय टेनिल खिलाड़ियों को रैंकिंग सुधारने के कितने मौके मिलेंगे।

एटीपी ने जुलाई के अंत तक सभी इवेंट को स्थगित कर दिया है और अगले महीने में सीज़न कब शुरू होगा, इस बारे में स्पष्टीकरण दिया गया है।

अब तक, टोक्यो ओलंपिक में भारतीय टेनिस के प्रतिनिधित्व की उम्मीदें रोहन बोपन्ना (Rohan Bopanna) और दिविज शरण (Divij Sharan) की युगल जोड़ी पर टिकी हुई हैं, इन दोनों की एटीपी रैंकिंग 93 है, जो उम्मीद जगाती है कि वह टोक्यो में देश का प्रतिनिधित्व करेंगे।

भारत की ये युगल जोड़ी अब तक सफल रही है और इन दोनों ने 2018 एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल भी जीता था।

हालांकि ये दोनों पिछले साल बहुत कम मौकों पर एक साथ खेले हैं। एटीपी 250 टाटा ओपन महाराष्ट्र (ATP 250 Tata Open Maharashtra) को जीतने के बाद, ये भारतीय जोड़ी ओलंपिक मेडल जीतने की रणनीति बना रही थी।

दिविज ने ओलंपिक चैनल से बातचीत में कहा कि “हमने मोरक्को, हंगरी और पुर्तगाल में क्ले-कोर्ट सीजन में टूर्नामेंट खेलने के बारे में बात की थी, ताकि फ्रेंच ओपन तक हम अपनी लय में रहें।”

अब उनके द्वारा बनाए गए सभी प्लान फेल हो गए और कोरोना के कारण हुई इस देरी से भारतीय जोड़ी को एक साथ खेलने के और मौके मिलेंगे, इससे इनके बीच तालमेल में भी सुधार होगा।

वुमेंस डबल्स

भारतीय टेनिस को उम्मीद है कि अगले साल टोक्यो ओलंपिक में भारत की वुमेंस टीम भी हिस्सा लेगी। इसके लिए अनुभवी सानिया मिर्जा (Sania Mirza) को अपनी रैंकिंग को बनाए रखना होगा।

इसके साथ ही साथ वुमेंस टेनिस एसोसिएशन ने गर्भवती खिलाड़ियों को भी राहत देते हुए कहा है कि जो गर्भवती महिला 6 महीने से ज़्यादा की छुट्टियों पर हैं, उनकी रैंकिंग एक साल तक या उनके वापसी तक वैसी ही रहेगी।

सानिया मिर्जा, जो इस समय डबल्स में 9वें स्थान पर काबिज है, उन्होंने 2017 के अंत में प्रेगनेंसी की वजह से ब्रेक लिया था। इस बाद इस साल की शुरुआत में उन्होंने होबार्ट इंटरनेशनल जीतकर एक सफल वापसी की। अब वह जनवरी 2021 तक अपनी नई रैंकिंग का उपयोग कर सकती हैं।

अगर वह टोक्यो ओलंपिक में हिस्सा लेना चाहती हैं तो पूरी उम्मीद है कि इस भारतीय टेनिस स्टार की पार्टनर अंकिता रैना (Ankita Raina) ही बनेंगी। अंकिता की मौजूदा डबल्स रैंकिंग 122वीं है। मार्की इवेंट में खेलने के लिए इसे पर्याप्त माना जा रहा है।

इसका मतलब यह भी होगा कि एक भारतीय टेनिस मिश्रित युगल जोड़ी भी ओलंपिक में हिस्सा लेगी इसी वजह से टोक्यो ओलंपिक में पदक की संभावना बढ़ती नजर आ रही है।

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