सानिया मिर्ज़ा ने रोजर फ़ेडरर को बताया अपना आदर्श मिश्रित युगल जोड़ीदार

फ़ुटबॉलर सुनील छेत्री से एक इंस्टाग्राम लाइव चैट के दौरान अनुभवी टेनिस स्टार सानिया ने फ़ेडरर को अपना आदर्श मिश्रित युगल जोड़ीदार बताया है।

अनुभवी भारतीय टेनिस स्टार और छह बार की ग्रैंड स्लैम विजेता सानिया मिर्ज़ा (Sania Mirza) ने पूर्व विश्व नंबर-1 खिलाड़ी रोजर फेडरर (Roger Federer) को अपना आदर्श मिश्रित युगल जोड़ीदार बताया है। मिर्ज़ा ने बुधवार को भारतीय फुटबॉल कप्तान सुनील छेत्री के साथ इंस्टाग्राम लाइव शो के दौरान हुई बातचीत में इस बात का खुलासा किया।

हैदराबाद की इस एथलीट ने पूर्व में हुए अपने अनुभव की वजह से इस बात का खुलासा किया है। मिर्ज़ा 2014 में हुए पहले इंटरनेशनल प्रीमियर टेनिस लीग में भारत के शीर्ष खिलाड़ियों के दल में शामिल रोजर फेडरर, पीट सम्प्रास (Pete Sampras) और एना इवानोविच (Ana Ivanovic) के साथ खेल चुकी हैं।

सानिया मिर्ज़ा ने 20 बार के ग्रैंड स्लैम विजेता रोजर फेडरर की प्रशंसा करते हुए और उनके साथ खेले गए मिश्रित युगल मैचों को याद करते हुए कहा, “वह अद्भुत और प्रतिभाशाली हैं। मैं ख़ुशक़िस्मत हूं कि मुझे अपने आदर्श मिश्रित युगल जोड़ीदार के तौर पर रोजर फेडरर के साथ खेलने का मौका मिला है।”

IPTL 2014 में सानिया मिर्ज़ा, रोजर फेडरर और गेल मोनफिल्स
IPTL 2014 में सानिया मिर्ज़ा, रोजर फेडरर और गेल मोनफिल्सIPTL 2014 में सानिया मिर्ज़ा, रोजर फेडरर और गेल मोनफिल्स

स्विस दिग्गज के अलावा सानिया मिर्ज़ा महिला युगल जोड़ीदार के तौर पर यूएसए की सेरेना विलियम्स (Serena Williams) के साथ खेलने का सपना देखती हैं। उन्होंने कहा, “सेरेना विलियम्स के साथ खेलना अद्भुत होगा। मैंने पहले भी उनके खिलाफ खेला है”।

फ़ेडरर के साथ सानिया का कनेक्शन

मिर्ज़ा का फेडरर के साथ एक अलग तरह का जुड़ाव है, जो कोर्ट के बाहर भी बना रहता है। उन्होंने इस बात का उल्लेख अपनी आत्मकथा में भी किया है।

साल 2008 में जब सानिया मिर्ज़ा पर राष्ट्र ध्वज का अपमान करने का आरोप लगा था, तो रोजर फेडरर ऑस्ट्रेलियाई ओपन के लिए मेलबर्न पहुंचने के बाद उनका हाल और कुशलता के बारे में पूछने वाले पहले व्यक्ति थे।

दूसरी बार मुंबई में हुए 26/11 हमलों के बाद की बात थी।

सानिया मिर्ज़ा लिखती हैं, “उन्होंने [फेडरर] ने मुझे एक बार मैसेज भेजकर आश्चर्यचकित कर दिया था। जब 26 नवंबर, 2008 को मुंबई में आतंकवादी हमले हुए थे तो वे काफी चिंतित थे।”

‘Ace Against Odds’ किताब में उन्होंने लिखा है, “मुझे लगता है कि यही वह वजह है जो रोजर को बहुत खास बनाता है। एक दिग्गज, प्रतिभाशाली और खेल में हुनरमंद होने के अलावा वह नेक, देखभाल करने वाले, मदद के लिए हमेशा खड़े रहने वाले और प्रसिद्धि से दूर एक बहुत ही सज्जन व्यक्ति है।”

एकल दिग्गज से काफ़ी कुछ सीखा

सानिया मिर्जा ने अपने पूरे करियर के दौरान इस एक शीर्ष खिलाड़ी के शानदार प्रदर्शन से न केवल बहुत कुछ सीखा है, बल्कि वैसे ही अभ्यास करने की कोशिश भी की है। 33 वर्षीय ने खुलासा किया कि वह 2013 में खेल के इस प्रारूप से संन्यास लेने के बावजूद भी एक एकल खिलाड़ी की तरह प्रशिक्षण लेती हैं।

सानिया मिर्जा ने कहा, “जाहिर है कि युगल में शारीरिक तौर पर मेहनत कम लगती है क्योंकि आपको सिर्फ आधे कोर्ट को कवर करना होता है। लेकिन इसकी वजह से मैं अपने अभ्यास सत्र को कम नहीं कर सकती।”

उन्होंने आगे कहा, “इसके अलावा जब मैं अपनी ट्रेनिंग पूरी कर लेती हूं, तभी मुझे संतुष्टि मिलती है। मैं हमेशा यह महसूस करना चाहती हूं कि मैंने अपना सर्वश्रेष्ठ दिया है और वास्तव में थक गई हूं।”

दिलचस्प बात यह है कि रोजर फेडरर के साथ खेलने और अपने खेल पर शानदार नियंत्रण रखने की कला को सीखने बावजूद सानिया मिर्ज़ा चाहती हैं कि उनका कार्यकाल राफेल नडाल (Rafael Nadal) के जैसा हो।

उन्होंने बताया, “राफेल नडाल के जैसे मुक़ाबला करने की सच्ची भावना एक ऐसी विशेषता है, जिसे मैं अपने अंदर लाना चाहुंगी। मिर्ज़ा ने सुनील छेत्री को फ़्रीव्हीलिंग चैट में आगे बताया, “मैं अपनी भावनाओं को बहुत अधिक नहीं प्रदर्शित करती, जबकि वह काफी दिखाते हैं। ऐसा प्रयास करें, जहां आपको हर बार लगे कि यह आपका आखिरी प्रयास है।”

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