मुंबई को 2023 के अगले आईओसी सत्र की मेजबानी मिलना तय 

आईओसी मूल्यांकन आयोग भारत की सुविधाओं से काफी प्रभावित है। जिसको लेकर भारत ने ओलंपिक की मेजबानी करने के लिए पहला कदम उठाया है

लेखक ओलंपिक चैनल ·

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति के कार्यकारी बोर्ड ने 2023 आईओसी (IOC)  सत्र के लिए भारतीय शहर की सिफारिश की है। दरअसल मूल्यांकन आयोग जियो वर्ल्ड सेंटर (Jio World Centre) के सुविधाओं से काफी प्रभावित हैं, जिसके बाद बोर्ड ने मुंबई शहर की सिफारिश की है।

आईओसी अध्यक्ष थामस बाक (President Thomas Bach) ने कहा, "हम लोगों ने भारत का चयन इसलिए किया है, क्योंकि भारत विश्व का दूसरा सबसे ज्यादा जनसंख्या वाला देश है। यहां बड़ी संख्या में युवा हैं, जिससे ओलंपिक खेल की बहुत ज्यादा संभावना है।" उन्होंने आगे कहा, "हम भारत में ओलंपिक खेल का बढ़ाना देना चाहते हैं और इसे मजबूत करने के लिए भारतीय राष्ट्रीय ओलंपिक समिति (International Olympic Committee) और सभी राष्ट्रीय संघों को प्रोत्साहित और उनका समर्थन चाहते हैं"।

दरअसल, यह सिफारिश 136वें आईओसी सत्र में पारित किया जाएगा, जो जुलाई में ओलंपिक 2020 (Olympic 2020) से पहले टोक्यो में आयोजित किया जाएगा।

मुंबई को मिल सकती है 2023 IOC सत्र की मेज़बानी

थामस बाक ने आगे कहा, "वर्ष 2023 भारत के लिए बहुत महत्वपूर्ण होगा, क्योंकि इस वर्ष भारत का स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ है। मुंबई में आईओसी सत्र की मेजबानी के साथ ही ओलंपिक समारोह को शामिल किया जाएगा"।

ओलंपिक की मेजबानी को लेकर भारत ने उठाया कदम

आईओसी की सदस्य नीता अंबानी ने कुछ हफ्ते पहले कहा था कि वह भविष्य में ओलंपिक की मेजबानी करने का सपना देख रही हैं। इसके लिए पहला कदम देश में आईओसी सत्र आयोजित करना होगा और शायद यूथ ओलंपिक भी।

इंडिया टुडे से बात करते हुए नीता अंबानी ने कहा, “अगर हम भारत में यूथ ओलंपिक हासिल करते हैं तो हम कई युवाओं के जीवन को बदल सकते हैं। वह समर ओलंपिक का हमारा प्रवेश द्वार होगा। यह ओलंपिक और भारत के लिए एक बड़ी जीत है।“

आपको बता दें कि वहीं, अगर यह सिफारिश होती है तो 1983 के बाद यह पहली बार होगा जब देश में एक आईओसी सत्र आयोजित किया जाएगा। इसके बाद नई दिल्ली शहर ही था, जिसने मेजबान की भूमिका निभाई थी।

भारत चंडीगढ़ में 2022 कॉमनवेल्थ शूटिंग और तीरंदाजी चैंपियनशिप की मेजबानी करने के लिए भी तैयार है। वहीं, अगर भारत इन प्रतियोंगिताओं की मेजबानी सफलतापूर्वक करता है तो यह साबित कर देगा कि वो भविष्य में ओलंपिक की मेजबानी के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।