एथलेटिक्स

नीरज चोपड़ा ने टोक्यो 2020 के लिए बेहतरीन अंदाज़ में किया क्वालिफ़ाई

सितंबर 2018 के बाद अपने पहले ही प्रतिस्पर्धी इवेंट में शिरकत करते हुए भारतीय जेवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने ओलंपिक क्वालिफ़ाइंग के 85 मीटर मार्क को छोड़ा पीछे

लेखक सैयद हुसैन ·

क़रीब एक साल बाद मैदान पर वापसी कर रहे भारत के स्टार जेवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने मंगलवार को दक्षिण अफ़्रीका के पोचेफ्सट्रूम के केनेथ मैकअर्थर स्टेडियम में हुए ACNW लीग मीटिंग में शानदार प्रदर्शन करते हुए टोक्यो 2020 का टिकेट हासिल कर लिया। एथलेटिक्स फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया (AFI) ने भी इस प्रतियोगिता पर मुहर लगाते हुए इस बात की पुष्टी भी कर दी है कि नीरज चोपड़ा टोक्यो 2020 में जगह बनाने वाले तीसरे भारतीय एथलीट हो गए हैं।

22 वर्षीय इस जेवलिन थ्रोअर ने गोल्ड मेडल के अपने चौथे प्रयास में 87.86 मीटर की दूरी तय की जबकि ओलंपिक क्वालिफ़िकेशन मार्क 85 मीटर ही था।

इससे पहले भारत की तरफ़ से केटी इरफ़ान (20 किमी रेस वॉकिंग) और अविनाष साब्ले (3000 मीटर स्टीपलचेज़) ने ओलंपिक गेम्स के लिए क्वालिफ़ाई कर लिया है, साथ ही भारत की 4X400 मिश्रित रिले टीम को भी टोक्यो 2020 का टिकेट हासिल हो चुका है।

इस प्रतिस्पर्धा में कुच पांच थ्रोअर ने हिस्सा लिया था जिसमें तीन फ़्रांस के थे, और इन सभी में नीरज चोपड़ा सबसे ऊपर रहे। नीरज का स्कोर रहा: 81.63 मीटर, 82.00 मीटर, 82.57 मीटर और 87.86 मीटर। नीरज के अलावा एक और भारतीय प्रतिस्पर्धी रोहित यादव का सर्वश्रेष्ठ स्कोर रहा 77.61 मीटर।

इस उपलब्धि पर ओलंपिक चैनल से बात करते हुए, नीरज चोपड़ा ने कहा, "मैं ओलंपिक के लिए पूरी तरह तैयार हूं और अपनी वापसी से बेहद ख़ुश हूं। मैंने लंबी चोट के बाद अच्छे स्कोर के साथ वापसी की, हर एथलीट का सपना खेलना और पदक जीतना होता है। अब जब मैंने ओलंपिक के लिए क्वालिफाई कर लिया है, तो मैं पदक जीतने के लिए जी जान लगा दूंगा, साथ ही साथ ओलंपिक से पहले जिन प्रतियोगिताओं में मैं खेलूंगा वहां भी मैं अपना सर्वश्रेष्ठ देने की पूरी कोशिश करूंगा।''

नीरज की कमाल की वापसी

नीरज चोपड़ा इस प्रतिस्पर्धा में चोट के बाद वापसी कर रहे थे, नीरज ने आख़िरी बार 2018 एशियन गेम्स में हिस्सा लिया था और वहां उन्हें स्वर्ण पदक हासिल हुआ था।

ओलंपिक चैनल के साथ पिछले महीने बात करते हुए नीरज चोपड़ा ने कहा था कि उनकी नज़र अप्रैल में वापसी पर है, जब नए सीज़न का आग़ाज़ दोहा के क़तर में फ़ेडरेशन कप और डायमंड लीग के साथ होगा।

‘’अब तक की तैयारी अच्छी जा रही है, मेरा लक्ष्य है अप्रैल में वापसी करने पर, जब दोहा में फ़ेडरेशन कप और डायमंड लीग होंगे।‘’

‘’हालांकि मैं अपने कोच के साथ दक्षिण अफ़्रीका में लगातार विचार विमर्श कर रहा हूं कि अगर वहां होने वाले कुछ प्रतियोगिता में हिस्सा ले सकूं तो बेहतर होगा। पर अब तक कुछ पक्का नहीं है, क्योंकि असल में मैं ख़ुद को फ़ेडरेशव कप और डायमंड लीग के लिए तैयार कर रहा हूं। जहां से मैं वापसी कर सकूंगा।‘’ : नीरज चोपड़ा, भारतीय जेवलिन थ्रोअर

ओलंपिक में भारत की बड़ी पदक उम्मीद

चोट की वजह से नीरज चोपड़ा को सर्जरी से गुज़रना पड़ा था, जो उन्होंने पिछले साल मई में मुंबई में कराई थी। इसके बाद उन्हें ठीक होने के लिए कई महीनों का इंतज़ार करना पड़ा, और फिर मैदान पर वापसी के लिए उन्होंने जर्मन बायोमेकैनिक एक्सपर्ट क्लॉज़ बार्तोनिट्ज़ से इसी महीने मदद ली थी।

नीरज चोपड़ा भारत के पहले वर्ल्ड चैंपियन हैं जिन्होंने 2016 IAAF वर्ल्ड अंडर-20 चैंपियनशिप में 86.48 मीटर की दूरी के साथ गोल्ड मेडल जीता था और जूनियर वर्ल्ड रिकॉर्ड भी अपने नाम किया था। साथ ही साथ नीरज भारत के एकमात्र जेवलिन थ्रोअर हैं जिनके नाम 2018 कॉमनवेल्थ और 2018 एशियन गेम्स में भी स्वर्ण पदक है।

नीरज चोपड़ा से टोक्यो 2020 में भारतीय खेल प्रेमियों को पदक की बड़ी उम्मीद है।