बैडमिंटन

अवध वॉरियर्स ने वापसी के साथ अपने घर में दर्ज की पीबीएल की पहली जीत

लखनऊ में खेले गए इस मुकाबले में अवध वॉरियर्स ने पहला मैच गंवा दिया लेकिन मुंबई रॉकेट्स के ट्रंप मैच को जीतकर बाज़ी पलट दी। इसतरह अवध वॉरियर्स ने पहली बार जीता पीबीएल का होम गेम

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

मंगलवार को लखनऊ के बाबू बनारसी दास यूपी बैडमिंटन एकेडमी में अवध वॉरियर्स ने घरेलू प्रशंसकों के सामने मुंबई रॉकेट्स पर 5-0 से शानदार जीत हासिल की। आज की शाम उनकी शुरूआत अच्छी नहीं रही, क्योंकि मिश्रित युगल में डेन क्रिस्टीना पेडरसेन और कोरियाई सुंग ह्यून की जोड़ी को किम सा रांग और पिया जेबादियाह बर्नाडेथ से 9-15, 14-15 से हार का सामना करना पड़ा।

मुंबई रॉकेट्स की जोड़ी विशेष रूप से अच्छी थी, जिन्होंने कई महत्वपूर्ण अंक हासिल किए, जिसने उन्हें जीत दिलाने में मदद की, और इस तरह मुंबई रॉकेट्स ने जीत के साथ शुरूआत की। अवध वॉरियर्स ने अपने ट्रम्प मैच को जीता। टाई के इस ट्रंप मैच में अमेरिका की बेइवेन झांग पूरे मैच में मुंबई रॉकेट्स की कुहू गर्ग पर हावी रहीं और दोनों सेट को एकतरफा मुकाबला बनाते हुए 15-3, 15-4 से अपने नाम कर लिया।

दुनिया की 14वें नंबर की खिलाड़ी बेइवेन झांग ने भारत की युवा खिलाड़ी को सांस लेने का मौका तक नहीं दिया, झांग ने अपने शॉट्स को सटीक तरीके से लगाते हुए और इस मुकाबले में कई दमदार स्मैश का इस्तेमाल किया।

अगले मुकाबले में हॉन्गकॉन्ग की वोंग विंग की विंसेंट ने अवध वॉरियर्स के लिए पारुपल्ली कश्यप के खिलाफ 15-8, 15-10 से जीत दर्ज की। मुंबई रॉकेट्स के लिए ट्रम्प मैच में हार का मतलब था कि उन्होंने उस अंक को खो देना जो उन्होंने आज शाम के पहले मैच में हासिल किया था।

मुकाबला शुरू हुआ और अवध वॉरियर्स के शटलर ने अपनी खेल में आक्रामकता दिखाई, जिसमें पारुपल्ली कश्यप को कई गलतियां करने पर मजबूर कर दिया, तब गेम 6-6 से बराबरी पर था। पारुपल्ली कश्यप का हांगकांग के विनसेंट के खिलाफ दो में से दोनों मुकाबले जीतने का रिकॉर्ड था, लेकिन यहां दूसरे गेम में वापसी करने के लिए पारुपल्ली कश्यप कुछ भी नहीं कर सके और मुंबई रॉकेट्स के ट्रंप मैच में हरा दर्ज करा बैठे। प्रीमियर बैडमिंटन लीग के इस संस्करण में अपना पहला मैच खेल रहे अजय जयराम ने मैच को शानदार अंदाज में खत्म किया, उन्होंने ली डोंग कीन को 12-15, 15-6, 15-7 से हराकर वॉरियर्स को जीत के नजदीक पहुंचा दिया। पहले गेम में इस भारतीय खिलाड़ी को तीन अंकों के अंतर हार का सामना करना पड़ा। जिसके बाद अजय जयराम ने ब्रेक के बाद अपने खेल को बदला और आक्रामक होने का फैसला किया।

पहले गेम में 15 अंक हासिल करने वाले ली डोंग कीउन को हराने के लिए अजय जयराम अपनी शॉट्स में पूरी ताकत झोंक रहे थे, एक स्मैश तो उन्होंने 334 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से मारकर अंक जीता। और आखिरी के दोनों गेम में ली डोंग कीउन सिर्फ 13 अंक जीत सके और मैच हार गए।

फाइनल गेम पहले सेट में मुंबई रॉकेट्स के किम जी जंग और किम सा रांग की कोरियाई जोड़ी के सामने उनके हमवतन कोसुंग ह्यून और शिन बेक चेओल की कोरियाई जोड़ी सामने थी। ये गेम काफी रोमांचक रहा और मुंबई रॉकेट्स ने पहला सेट 14-15 से अपने नाम कर लिया। लेकिन अगले दोनों से अवध वॉरियर्स की कोरियाई जोड़ी ने जीत लिया और मैच 14-15, 15-10, 15-14 से अपने नाम किया। दोनों टीमों ने इस मुकाबले में कुछ शानदार, तेज-तर्रार बैडमिंटन खेला लेकिन अवध वारियर्स की जोड़ी ने अंतत: जीत हासिल कर ली।