पी वी सिंधु के बाहर होने के साथ ही इंडोनेशिया मास्टर्स में भारत की चुनौती ख़त्म

पिछले साल पी वी सिंधु ने इंडोनेशिया मास्टर्स के क्वार्टर फ़ाइनल तक पहुंची थीं, जहां उन्हें कैरोलिना मरीन से हार मिली थी

लेखक सैयद हुसैन ·

भारतीय दिग्गज शटलर साइना नेहवाल, किदांबी श्रीकांत, बी साई प्रणीत और एच एस प्रणॉय पहले ही 400,000 यूएस डॉलर की इनामी राशि वाले इंडोनेशिया मास्टर्स से बाहर हो चुके थे, और अब सारी उम्मीदें वर्ल्ड चैंपियन पी वी सिंधु से की जा रही थी कि वह जकार्ता के इस्तोरा सेनायन स्टेडियम में तिरंगा लहराएंगी।

लेकिन दुनिया की नंबर-3 रैंक वाली शटलर ने क्वार्टर फ़ाइनल में भी जगह नहीं बनाई और गुरुवार को जापान की शटलर सायाका ताकाहाशी से एक घंटे छ: मिनट चले मुक़ाबले में सिंधु को 21-16, 16-21, 19-21 से हार नसीब हुई।

पहला गेम रहा सिंधु के नाम

ऐसा माना जा रहा था कि सिंधु के लिए ताकाहाशी की चुनौती कुछ ख़ास नहीं होगी। 27 वर्षीय जापानी शटलर ने बुधवार को सिंधु की हमवतन साइना नेहवाल को मात देकर आ रहीं थीं, उनके लिए शुरुआत अच्छी नहीं रही थी और वह सिंधु के सामने फीकी नज़र आ रहीं थीं।

हालांकि सिंधु के शानदार खेल के बावजूद जापानी शटलर ने कभी भी ऐसा नहीं महसूस होने दिया कि वह मैच से बाहर हैं। सिंधु को इस गेम में सबसे ज़्यादा बढ़त ब्रेक टाइम तक 11-7 की मिली थी।

जिसे कम करते हुए ताकाहाशी ने एक समय 12-11 कर दिया था। सिंधु ने इसके बाद बेहतरीन अंदाज़ में खेलते हुए स्कोर 19-15 तक अपने पक्ष में ले गईं, जिसके बाद 14वीं रैंक वाली जापानी शटलर के लिए गेम में वापस आना मुश्किल था और सिंधु ने पहला गेम 21-16 से अपने नाम कर लिया।

ताकाहाशी की वापसी

पहले गेम में काफ़ी क़रीब जाकर भी हारने वाली ताकाहाशी ने दूसरे गेम में हिम्मत नहीं हारी और बेहतरीन खेल का परिचय दिया। ताकाहाशी ने दूसरे गेम में लगातार 7 प्वाइंट्, हासिल कर लिए थे और सिंधु ने खाता तक नहीं खोला था।

हालांकि इसके बाग भारतीय शटलर ने स्कोर 4-8 कर दिया था, लेकिन यहां से ब्रेक टाइम तक लगातार प्वाइंट्स बटोरते हुए जापानी शटलर 11-4 से आगे थीं। सिंधु ने वापसी करते हुए एक समय स्कोर 11-16 तक ले गईं थीं और लग रहा था कि भारतीय शटलर लय में लौट आएंगी। पर ताकाहाशी का खेल कहीं शानदार था और उन्होंने दूसरा गेम 21-16 से जीतते हुए मैच को तीसरे और निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया।

रोमांचक और निर्णायक गेम में सिंधु की हार

पी वी सिंधु ने वह ग़लती नहीं की जो उन्होंने दूसरे गेम में की थी, जापानी शटलर ने तीसरे गेम में 3-0 के साथ आग़ाज़ तो ज़रूर किया था लेकिन तुंरत ही सिंधु ने स्कोर 3-3 से बराबर कर दिया था। इसके बाद से इन दोनों शटलरों के बीच जंग बेहद रोमांचक होती जा रही थी, ब्रेक टाइम तक सिंधु सिर्फ़ एक अंक से पीछे थीं और 11-10 की बढ़त ताकाहाशी के पास थी।

ब्रेक के बाद यही सिलसिला जारी रहा और स्कोर 18-18 तक पहुंच गया था, लेकिन यहां से ताकाहाशी ने लगातार दो प्वाइंट्स जीतते हुए 20-18 के स्कोर के साथ मैच प्वाइंट पर खड़ी थीं। सिंधु ने एक अंक तुरंत ही ले लिया था पर ताकाहाशी ने मैच प्वाइंट लेते हुए सिंधु के सफ़र को यहीं रोक दिया।