खिलाड़ियों के लिए SAI ने रखी ऑनलाइन वर्कशॉप

स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया ने COVID-19 के ओलंपिक मेडल जीतने की उम्मीद रखने वाले खिलाड़ियों के लिए ऑनलाइन वर्कशॉप रखी।

लेखक जतिन ऋषि राज ·

COVID-19 की वजह से यातायात और अन्य सभी कार्यों को रोक दिया गया है। ऐसे में हर व्यवसाय से जुड़े लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। खेल की बात करें तो घर में बैठे खिलाड़ियों ने अपना मन लगाने के अलग अलग तरीके अपनाएं हैं। ऐसे में (Sports Authority of India SAI) ने अपने खिलाड़ियों को विशेष ध्यान देने की सलाह दी।

जो खिलाड़ी फील्ड पर अपना समय व्यतीत कर पसीना बहाते थे, आज वे चार दीवारी में सिमट कर रह गए हैं। टूर्नामेंट और ट्रेनिंग स्थगित हो जाने के बाद खिलाड़ियों के लिए SAI ने ऑनलाइन वर्कशॉप कराने का फैसला किया ताकि वे खेल और तकनीकों से जुड़े रहें।

हाल ही के सेशन में शूटर दिव्यांश पवार (Divyash Panwar) अपूर्वी चंदेला (Apurvi Chandela), अभिषेक वर्मा (Abhishek Verma) और बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन (Lovlina Borgohain), निकहत ज़रीन (Nikhat Zareen) और तैराक श्रीहरी नटराज (Srihari Nataraj) को देखा गया।

वहीं दूसरी तरफ नेशनल बैडमिंटन कोच पुल्लेला गोपीचंद (Pullela Gopichand) और पूर्व भारतीय हॉकी कप्तान वीरेन रासक्वीन्हा(Viren Rashquian) ने भी सेशन का जमकर फायदा उठाया। प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया से पुल्लेला गोपीचंद ने इस विषय पर बात करते हुए कहा “कोरोना वायरस के दौरान इस इम्तिहान के समय सभी को शारीरिक और मानसिक तौर से फिट रहना चाहिए और इस समय का सदुपयोग करना चाहिए। इन ऑनलाइन सेशन द्वारा एक खिलाड़ी अपने ऊपर ध्यान दे सकता है।” खेल सिर्फ स्पर्धा ही नहीं है बल्कि यह मुश्किलों का सामना करना भी सिखाता है।”

पहले सेशन में स्पोर्ट्स साइंस एक्सपर्ट और फ़िज़ियोथेरेपिस्ट निखिल लाटे (Nikhil Latey) ने कोरोना वायरस के समय में ट्रेनिंग करने पर बात की और उसके बाद पोषण विशेषज्ञ रेयान फर्नांडो (Ryan Fernando) ने इस समय पोषण से सम्बन्धित सभी आवश्यकताओं के बारे में सभी को बताया।

स्विमर श्रीहरी नटराज ने ओलंपिक चैनल से बातचीत के दौरान बताया कि “सेशन काफी मददगार साबित हुआ। मेरी ट्रेनिंग रुक गई है और मैंने खुद को घर में रखा हुआ है। विशेषज्ञों ने बताया कि ऐसे में हम कैसे अपनी फिनेस का ख्याल रख सकते हैं ताकि पहले जैसा समय आने पर हम तैयार हों।”

निखिल लाटे ने आगे बताया “बहुतों के लिए लॉकडाउन की स्थिति कम बहुत कम आई है और वे लोग वो सब  कर सकते हैं जो वे करते आए हैं, लेकिन ऐसा सभी खिलाड़ियों के लिए नहीं है।”

इस एक्सपर्ट ने आगे कहा “सभी को यह सुनिश्चित करना होगा कि उन्हें अपना स्तर बढ़ाए रखना है और वैसे ही रहना है जैसे कि वे बिना रोज़मर्रा की ट्रेनिंग और बिना स्पर्धा के रहते थे। ऐसे में हमे मदद के लिए आगे आना चाहिए और खिलाड़ियों को उनके समय को सही से इस्तेमाल में लाना सीखाना होगा। SAI द्वारा यह वर्कशॉप मददगार साबित हो सकती हैं।”

सोमवार को भारतीय हॉकी टीम के हाई-परफॉरमेंस डायरेक्टर डेविड जॉन (David John) ने वर्कशॉप में शारीरिक व्यायाम की मूल बातों पर रोशनी डाली और वहीं पुल्लेला गोपीचंद ने स्पोर्ट्स फिज़िकल लिटरेसी पर सीख दी।

स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया के फेसबुक पेज पर आप इसका सीधा प्रसारण देख सकते हैं।