साइना नेहवाल अपने करियर के सबसे मुश्किल दौर में हैं: विमल कुमार

साइना नेहवाल को शुरुआती दौर में यू विमल कुमार ने कोचिंग दी थी और 2015 में विश्व की नंबर 1 रैंकिंग पर पहुंचने में अपना योगदान दिया था।

लेखक विवेक कुमार सिंह ·

पूर्व राष्ट्रीय बैडमिंटन चैंपियन और कोच यू विमल कुमार (U Vimal Kumar) का मानना ​​है कि साइना नेहवाल (Saina Nehwal)  इस समय अपने करियर के सबसे कठिन दौर से गुजर रही हैं और अपनी लय को हासिल करने के लिए एक मुश्किल रास्ते पर चल रही हैं।

यू विमल कुमार 1988 और 1989 में भारत के राष्ट्रीय बैडमिंटन चैंपियन थे। उन्होंने 1992 के बार्सिलोना खेलों में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया है। संन्यास के बाद कुमार ने कई वर्षों तक भारत के राष्ट्रीय मुख्य कोच के रूप में कार्य किया।

वर्तमान में प्रकाश पादुकोण बैडमिंटन अकादमी के निदेशक, कुमार ने नेहवाल के शुरुआती दौर के दौरान, 2012 लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता साइना नेहवाल के साथ काम किया है।

उन्होंने 2014 से 2017 तक साइना को भी कोचिंग दी है। ये एक ऐसा दौर था, जिसमें भारतीय बैडमिंटन की दिग्गज महिला बैडमिंटन में विश्व नंबर 1 बन गईं।

कुमार ने IANS को बताया, “साइना अपने करियर के सबसे कठिन दौर से गुजर रही हैं। पिछले कुछ वर्षों से उनके लिए चीजें अच्छी नहीं हो रही हैं। उन्हें आगे बढ़ने के लिए आत्मविश्वास की आवश्यकता है और उनका पिछली बार सबसे अच्छा प्रदर्शन 2019 में इंडोनेशिया मास्टर्स में देखने को मिला था।”

साइना ने आख़िरी बार कोई प्रो बैडमिंटन टूर्नामेंट ख़िताब 2019 में इंडोनेशिया मास्टर्स जीता था।

इस महीने दो थाईलैंड ओपन में प्रतिस्पर्धी बैडमिंटन में उनकी वापसी हुई, लेकिन भारतीय शटलर प्रभावित करने में असफल रहीं। वो योनेक्स थाईलैंड ओपन के दूसरे दौर में बाहर हो गईं, तो टोयोटा थाईलैंड ओपन के पहले दौर में ही उन्हें हार का सामना करना पड़ा।

उन्होंने कहा, “इस तरह से अधिक मैच हारने से उनका आत्मविश्वास प्रभावित होगा। मुक़ाबले में सिर्फ शारीरिक फिटनेस ही नहीं, मानसिक फिटनेस भी जरूरी है। वो एक मजबूत लड़की है, लेकिन ये परिणाम उन्हें प्रभावित कर सकते हैं।”

उन्होंने कहा, '' उनके लिए वापसी करना आसान नहीं होगा। वो मुझे बहुत फिट नहीं लगती। हो सकता है कि COVID के मामलों से वो अभी भी उबर रही हों।”

जो साइना ज्यादातर BWF महिला सिंगल्स रैंकिंग में शीर्ष 10 में रहती थीं, वो आज 20 वें स्थान पर खिसक गई हैं।

रेस टू टोक्यो रैंकिंग से जुलाई-अगस्त में होने वाले टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालिफिकेशन निर्धारित होगा, उसमें साइना 15वें स्थान पर हैं, जबकि साथी भारतीय दिग्गज शटलर पीवी सिंधु (PV Sindhu) सातवें स्थान पर हैं।

2 मार्च से शुरू होने वाले स्विस ओपन के साथ साइना टोक्यो के टिकट हासिल करने की कोशिश करेंगी।

कुमार ने आगे कहा, “अगले एक या डेढ़ महीने उनको मिलने वाले अवसर निर्धारित करेंगे कि वो आगे कैसे जाती हैं। अगले पांच-छह सप्ताह महत्वपूर्ण होंगे और हमें उसी से पता चल पाएगा कि आगे का सफर कैसा रहने वाला है।”